
दान घोटाला विवाद के बीच संजय राउत का बड़ा बयान, फोटो- IANS
Devendra Fadnavis Sanjay Raut letter: शिवसेना (UBT) के सांसद संजय राउत ने अयोध्या के राम मंदिर की तिजोरी से कथित चोरी और वित्तीय अनियमितताओं के आरोपों को लेकर राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष गोविंद गिरी पर सीधा निशाना साधा है। राउत ने मांग की है कि अगर यह कथित चोरी गोविंद गिरी के कार्यकाल के दौरान हुई है, तो उनकी भी गहन जांच होनी चाहिए, क्योंकि मंदिर के फंड की सुरक्षा और खातों के रख-रखाव की प्राथमिक जिम्मेदारी कोषाध्यक्ष की ही होती है। गुरुवार को पत्रकारों से बात करते हुए संजय राउत ने मंदिर के वित्तीय प्रबंधन पर गंभीर सवाल उठाए।
संजय राउत ने कहा कि राम मंदिर सिर्फ हिंदुओं की आस्था का केंद्र नहीं है, बल्कि देश का गौरव है, जिसके निर्माण के लिए अनगिनत लोगों ने बलिदान दिए हैं। दरअसल, राउत ने कहा कि अगर राम मंदिर की तिजोरी में कथित चोरी कोषाध्यक्ष के कार्यकाल में हुई है, तो ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष गोविंद गिरी को भी जांच का सामना करना चाहिए। यह दावा करना कि पुणे से केवल ऑडिटर भेजे गए थे, बेहद निंदनीय है। इतने बड़े राष्ट्रीय और धार्मिक महत्व के मंदिर के लिए एक अधिक मजबूत वित्तीय प्रबंधन प्रणाली होनी चाहिए।
संजय राउत ने बताया कि उन्होंने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस को 15 जुलाई को एक पत्र लिखा है। इस पत्र में उन्होंने फडणवीस को 18 जुलाई को नागपुर में शुरू होने जा रहे 'राम रक्षा स्तोत्र' (Ram Raksha) अभियान में शामिल होने के लिए आमंत्रित किया है। यह अभियान उद्धव ठाकरे की उपस्थिति में आयोजित किया जाएगा।
मुख्यमंत्री को "भगवान राम का परम भक्त" बताते हुए राउत ने अपने पत्र में लिखा कि लाखों भक्तों के लंबे संघर्ष के बाद राम मंदिर का निर्माण हुआ है, लेकिन इसी राम मंदिर में वर्तमान में चोरी, लूट और धोखाधड़ी जैसे गंभीर अपराध हो रहे हैं, जिससे सैकड़ों करोड़ रुपये का गबन हुआ है। राउत ने दावा किया कि स्वयं राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) ने भी अयोध्या में हो रही इस कथित चोरी पर गहरा 'दुःख' और चिंता व्यक्त की है।
राउत का कहना है कि देवेंद्र फडणवीस खुद को सार्वजनिक रूप से भगवान राम का भक्त बताते हैं और राम जन्मभूमि आंदोलन में शामिल होने का दावा करते हैं, इसलिए उन्हें भी इन आरोपों को लेकर चिंतित होना चाहिए और इस मुहिम का हिस्सा बनना चाहिए। राउत ने स्पष्ट किया कि शिवसेना (UBT) द्वारा शुरू की जा रही 'राम रक्षा' पहल इन कथित वित्तीय अनियमितताओं के खिलाफ जन जागरूकता पैदा करने के लिए है, जो भगवान राम की सुरक्षा का प्रतीक है।
Updated on:
16 Jul 2026 03:08 pm
Published on:
16 Jul 2026 03:08 pm
