
शेखावाटी में गैंगस्टर राज की वापसी (फोटो- पत्रिका)
नागौर: शेखावाटी की धरती पर फिर अपराध की परछाई गहराने लगी है। गैंगस्टर रोहित गोदारा और वीरेंद्र चारण की अगुवाई में उभरता नया गिरोह न सिर्फ युवाओं को अपराध की दलदल में धकेल रहा है, बल्कि सोशल मीडिया के जरिए हत्या की जिम्मेदारी लेकर दहशत का चेहरा गढ़ रहा है।
बता दें कि 17 सितंबर को गाजियाबाद में इसी गिरोह के दो शूटरों का एनकाउंटर हुआ था, लेकिन महज 20 दिन में ही नए शूटर तैयार कर लिए गए। यह संकेत है कि अपराध की यह फैक्ट्री तेजी से चल रही है। कुचामनसिटी में व्यापारी की हत्या, जयपुर में गोगामेड़ी कांड और बरेली में अभिनेत्री दिशा पाटनी के घर पर फायरिंग, तीनों घटनाएं इसी नेटवर्क की कड़ियां हैं।
आरोपी गोल्डी बरार और रोहित गोदारा गैंग से जुड़े थे। हाल ही कुचामनसिटी में व्यापारी रमेश रूलानिया की हत्या के लिए इस गैंग को लोकल शूटर मिल गया। गैंगस्टर आनंदपाल और राजू ठेहट के समय भी कई व्यापारियों से रंगदारी वसूलने की घटनाएं हुई थी।
रोहित गोदारा अब लॉरेंस बिश्नोई ग्रुप से अलग क्षेत्र तलाश रहा है। उसे शेखावाटी कंफर्ट इलाका लगा, क्योंकि आनंदपाल गिरोह के गुर्गे उसके संपर्क में हैं। जो रंगदारी वसूल चुके और गैंगवार की घटनाओं में शामिल रह चुके हैं।
रोहित गोदारा बीकानेर का रहने वाला है। आनंदपाल गैंग के कई गुर्गे उसके संपर्क में हैं। उसने शेखावाटी क्षेत्र को टारगेट करना शुरू किया है। समृद्ध क्षेत्र कुचामन और शेखावाटी के व्यापारियों को निशाने पर लिया जा रहा है। कई और शहरों में भी व्यापारियों से फिरौती मांगी गई, जिसकी शिकायतें पुलिस में दर्ज हैं।
सूत्रों के अनुसार, गैंगस्टर रोहित गोदारा और वीरेंद्र चारण विदेश में बैठकर युवा शूटरों की मदद से अपराध करवा रहे हैं। इससे संकेत मिल रहा है कि डीडवाना-कुचामन व शेखावाटी के बेल्ट में फिर गैंगस्टर पैर जमाने में लगे हैं।
आनंदपाल गैंग के गुर्गे रहे अपराधी अब रोहित गोदारा के साथ मिलकर दहशत फैलाने में लगे हैं। रमेश रूलानिया की हत्या के पीछ अब तक जो स्थिति सामने आई है, उससे यही लगता है कि गैंगस्टर आनंदपाल के पुराने सहयोगी रहे बदमाशों ने रोहित गोदारा की मदद की है।
वीरेंद्र चारण आनंदपाल के बाद अब रोहित गोदारा से जुड़ा हुआ है। कुचामन के व्यापारियों के नंबर रोहित गोदारा तक पहुंचने वाला सफीक खान भी आनंदपाल के लिए काम करता था।
रोहित गोदारा एवं उसके गुर्गे अपराध करने के बाद सोशल मीडिया पर आतंकवादी संगठनों की तरह जिम्मेदारी लेते हैं। कुचामन में व्यापारी की हत्या के बाद रोहित गोदारा के गुर्गे वीरेंद्र चारण ने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर न केवल हत्या की जिम्मेदारी ली, बल्कि पोस्ट के साथ रोहित गोदारा, गोल्डी बरार, मोनी ग्रुप, एपी ग्रुप, काला जेठेड़ी ग्रुप, गोगी ग्रुप, काला राना नरेश सेठी, टिनू हरियाणा, लिपिन नेहरा, दिपेंद्र राठी, अमरजीत बिश्नोई सहित कई गैंगस्टर को टैग भी किया। इसमें एक बात यह भी सामने आई कि चारण ने लॉरेंस बिश्नोई का नाम नहीं लिखा।
प्रदेश के किसी भी क्षेत्र में नई गैंग नहीं पनपे, इसके लिए पुलिस को अपराधियों के साथ सख्ती से पेश आना होगा। चाहे कितना ही बड़ा अपराधी क्यों न हो, उसके साथ रियायत नहीं बरती जाए। छोटी सी छोटी सूचना को गंभीरता से लेना चाहिए, ताकि कुचामन जैसी घटना नहीं घटे।
-सवाई सिंह चौधरी, सेवानिवृत्त डीआईजी
Updated on:
13 Oct 2025 09:05 am
Published on:
13 Oct 2025 09:05 am
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