
लोकसभा में बोल सकते हैं अमित शाह(फोटो-IANS)
Home Minister Amit Shah: केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने विपक्षी सांसदों की मांग पर पहली बार प्रतिक्रिया दी है। गृह मंत्री शाह ने कहा कि विपक्ष तय करे कि चर्चा चाहिए या हंगामा। उन्होंने विपक्ष से चर्चा की अपील की है। उन्होंने कहा कि मैं सभी सवालों के जवाब दूंगा। सरकार चर्चा के लिए स्थगन प्रस्ताव स्वीकृत करने को तैयार है।
गृह मंत्री अमित शाह ने आगे कहा कि देखिए सबसे पहले लापता और भाग गए हैं इस प्रकार की भाषा भारत की सर्वाजनिक जीवन में, संसदीय जीवन में अभी अभी सुनाई देती है। जब से संसद सत्र शुरू हुआ है तबसे मैं लगातार संसद में आता हूं और अपने चैंबर में बैठा हूं चूंकि विपक्ष सदन को चलने नहीं दे रहे हैं। तो कोई जाकर क्या करेगा?
जहां तक चर्चा का सवाल है सरकार की ओर से किरेन रिजिजू ने स्पष्ट कर दिया कि छात्र आंदोलन के प्रदर्शन पर सभी प्रकार की चर्चा करने के लिए तैयार हैं और चर्चा के लिए समय सुनिश्चित किया जाए और विपक्ष तैयार हो जाए। मेरी ओर से मैंने भी कह दिया कि मैं किसी भी सवाल का जवाब देने के लिए तैयार हूं लेकिन वो चर्चा ही नहीं होने देना चाहते हैं। आज 3 बजे तक वो स्पीकर साहब को पत्र दें और कल 3 बजे तक हम सभी प्रकार की चर्चा के लिए तैयार हैं मैं सदन में बैठूंगा और सबको सुनूंगा और सब चीजों का जवाब दूंगा। अब विपक्ष को तय करना है उनको चर्चा करनी है या हंगामा करना है।
लोकसभा में विपक्ष के लगातार हंगामे के कारण सदन की कार्यवाही दोपहर 2 बजे तक के लिए स्थगित की गई। राम मंदिर के चढ़ावे में कथित रूप से गबन, दिल्ली के जंतर मंतर पर छात्रों के प्रदर्शन व संसद मार्च के दौरान पैलेट गन के इस्तेमाल और लाठीचार्ज पर विपक्ष केंद्रीय गृह मंत्री से जवाब मांग रहा है।
बुधवार सुबह 11 बजे लोकसभा की कार्यवाही शुरू होते ही विपक्ष ने रोजाना की तरह हंगामा किया। स्पीकर ओम बिरला ने विपक्ष के सदस्यों से कहा कि मेरा आप सबसे अनुरोध रहता है कि सदन चले। मतभेद हमारे हो सकते है, नीतियों और विचारों में मतभेद हो सकता है लेकिन देश सदन चलते हुए देखना चाहता है। विपक्ष ने स्पीकर ओम बिरला की सदन की मर्यादा बनाए रखने की बार-बार की अपील को नजरअंदाज किया और लगातार नारेबाजी जारी रखी।
लोकसभा अध्यक्ष ने आगे कहा कि देश के लोगों का मत है कि नीतियों और विचारों में मतभेद हो, लेकिन वो विचारों में अभिव्यक्त होना चाहिए। इसलिए समय-समय पर मैंने सभी दलों के नेताओं से व्यक्तिगत व सामूहिक तौर पर चर्चा की और विचार-विमर्श किए। विपक्ष के सदस्यों से एक बार फिर आग्रह करते हुए उन्होंने कहा कि आज अंतराष्ट्रीय युवा दिवस भी है और विश्व स्तर पर भारत के युवाओं ने शिक्षा, विज्ञान और अंतरिक्ष विज्ञान, तकनीक व उद्यमिता जैसे क्षेत्रों में विशेष पहचान बनाई है। आज उनके सामर्थ के कारण दुनिया में भारत का नाम हो रहा है। देश का युवा भी चाहता है कि उनके विषयों पर पर चर्चा हो।
स्पीकर ने कहा कि सरकार ने भी सहमति दे दी है। गृह मंत्री भी अपना व्यक्तव्य देने को तैयार हैं। इसलिए सदन में चर्चा हो। अन्य मुद्दों पर भी चर्चा होगी। सत्ता पक्ष और विपक्ष मिलकर सहमति बनाएं। मेरा आपसे फिर से निवेदन है कि देश की भावनाओं को समझें और देश चाहता है कि संसद चले। इसकी प्रतिष्ठा बनाने की जिम्मेदारी भी सभी की है। इसके बावजूद विपक्ष के सदस्यों का हंगामा जारी रहा। आखिर में स्पीकर ओम बिरला ने सदन की कार्यवाही को दोपहर 12 बजे तक के लिए स्थगित कर दिया।
Updated on:
12 Aug 2026 12:23 pm
Published on:
12 Aug 2026 12:21 pm
