
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह (Photo-IANS)
Amit Shah Parliament Statement: संसद के मानसून सत्र में लगातार गतिरोध के कारण कार्यवाही बुरी तरह बाधित हो रही है। विपक्ष केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से छात्रों पर हुई लाठीचार्ज पर सदन में जवाब की मांग कर रहा है। इसी बीच कांग्रेस सांसद प्रमोद तिवारी ने कहा कि गृह मंत्री को सदन में आकर संविधान के अनुसार जवाब देना चाहिए। उन्होंने कहा कि मैं मल्लिकार्जुन खरगे के बयान का समर्थन करता हूं। गृह मंत्री को सदन में आकर संविधान के अनुसार जवाब देना चाहिए।
कांग्रेस सांसद ने कहा कि अमित शाह को बताना चाहिए कि बल प्रयोग कैसे किया गया, प्रदर्शनकारियों को कील लगी लाठियों से कैसे पीटा गया और जानलेवा हो सकने वाले छर्रे (पैलेट गन) कैसे चलाए गए। उन्हें लड़कियों और युवतियों के साथ पुलिसकर्मियों के कथित दुर्व्यवहार और अभद्र व्यवहार के बारे में भी जवाब देना चाहिए। इस पर अगर उनकी चुप्पी जारी रही तो इसका मतलब वो सदन का अपमान कर रहे हैं।
वहीं विपक्ष के हंगामे के बीच बुधवार को केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का पहला बयान सामने आया है। इस दौरान उन्होंने यह भी बताया कि वे सदन के अंदर क्यों नहीं जा रहे है? अमित शाह ने कहा कि संसद का सत्र शुरू होने के बाद से मैं नियमित रूप से संसद आ रहा हूं और अपने कक्ष में बैठ रहा हूं। लेकिन विपक्ष दोनों सदनों में संसद की कार्यवाही नहीं चलने दे रहा है। ऐसे में जब सदन की कार्यवाही ही नहीं चलने दी जा रही है, तो किसी के अंदर जाकर बैठने का क्या मतलब है?
अमित शाह ने कहा कि जहां तक चर्चा के मुद्दे का सवाल है, संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने स्पष्ट कर दिया है कि सरकार NEET से जुड़े छात्रों के विरोध-प्रदर्शन के सभी पहलुओं पर चर्चा के लिए तैयार है। विपक्ष ने शुरुआत में मांग की थी कि चर्चा के लिए समय दिया जाए और सरकार इसके लिए सहमत हो। मैंने भी अपनी ओर से स्पष्ट कर दिया है कि मैं संसद में सभी सवालों का जवाब देने के लिए तैयार हूं। लेकिन वे चर्चा ही नहीं होने देना चाहते।
अमित शाह ने कहा कि अब जनता तय करे कि वास्तव में कौन भाग रहा है। मैं विपक्ष से कहना चाहता हूं कि स्पीकर को दोपहर 2 बजे तक एक लेटर दें, हम दोपहर 3 बजे चर्चा शुरू करेंगे और मैं कल दोपहर 3 बजे तक हर चीज का जवाब दूंगा। मैं सदन में मौजूद रहूंगा, सभी की बातें सुनूंगा और हर सवाल का जवाब दूंगा। सरकार के पास छिपाने के लिए कुछ भी नहीं है।
उन्होंने कहा कि मैं इस मुद्दे पर भी चर्चा करने के लिए तैयार हूं कि वे चर्चा क्यों नहीं करना चाहते। NDA सरकार हर मुद्दे पर चर्चा के लिए तैयार है। विपक्ष को संसद की कार्यवाही चलने देनी चाहिए।
Updated on:
12 Aug 2026 12:44 pm
Published on:
12 Aug 2026 12:28 pm
