1 जनवरी 2026,

गुरुवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

मेरी खबर

icon

प्लस

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

आशीष कुमार साहा त्रिपुरा कांग्रेस के नए अध्यक्ष, बिराजीत सिन्हा की हुई विदाई

Tripura Congress New President कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने तत्काल प्रभाव से आशीष कुमार साहा को त्रिपुरा प्रदेश कांग्रेस कमेटी का अध्यक्ष नियुक्त किया। साहा को बिराजीत सिन्हा की जगह त्रिपुरा प्रदेश कांग्रेस कमेटी का अध्यक्ष बनाया गया। वर्ष 2022 में आशीष कुमार साहा भाजपा को अलविदा कह कांग्रेस को ज्वाइन किया था।

2 min read
Google source verification
asish_kumar_saha.jpg

Asish Kumar Saha

बीरजीत सिन्हा को त्रिपुरा प्रदेश कांग्रेस कमेटी अध्यक्ष की जिम्मेदारी से मुक्त कर दिया गया है। उनकी स्थान पर त्रिपुरा प्रदेश कांग्रेस कमेटी नया अध्यक्ष नियुक्त किया गया है। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने आशीष कुमार साहा को तत्काल प्रभाव से त्रिपुरा कांग्रेस का नया अध्यक्ष नियुक्त किया है। बिराजीत सिन्हा का स्वास्थ्य ठीक नहीं है। हाल ही में सिन्हा को दिल्ली एम्स में भर्ती कराया गया था, जहां उनकी वोकल कॉर्ड सर्जरी हुई थी। फिलहाल वह रिकवर हो रहे हैं। कांग्रेस पार्टी ने शनिवार को एक आधिकारिक बयान में कहा कि कांग्रेस अध्यक्ष ने पूर्व विधायक आशीष कुमार साहा को तत्काल प्रभाव से त्रिपुरा प्रदेश कांग्रेस कमेटी का अध्यक्ष नियुक्त किया है। बयान में यह भी कहा गया है कि खरगे ने विधायक और निवर्तमान कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष बिराजीत सिन्हा के पार्टी के लिए योगदान की सराहना की है।

बिराजीत सिन्हा कौन हैं जानें ?

इस साल की शुरुआत में हुए त्रिपुरा विधानसभा चुनाव में कांग्रेस ने माकपा के साथ गठबंधन में चुनाव लड़ा था। उसे 60 सदस्यीय विधासभा में सिर्फ तीन सीटें मिली थीं। बिराजीत सिन्हा को सितम्बर 2021 में पार्टी की त्रिपुरा इकाई का प्रमुख नियुक्त किया गया था। बिराजीत सिन्हा साल 1969 से राजनीति में सक्रिय हैं। उन्हें 1978 में त्रिपुरा राज्य युवा कांग्रेस का अध्यक्ष नियुक्त किया गया था और 1990 तक इस भूमिका में बने रहे। उन्होंने 1988 से 1993 तक त्रिपुरा में कैबिनेट मंत्री के रूप में भी काम किया है।

1988 में पहली बार एमएलए चुने गए बिराजीत सिन्हा

बिराजीत सिन्हा पहली बार 1988 में त्रिपुरा विधानसभा के लिए चुने गए थे। 2003 विधानसभा चुनाव में वे राज्य कांग्रेस अध्यक्ष और कांग्रेस सीएम पद के उम्मीदवार थे, जहां वे अपनी सीट से फिर से चुने गए, लेकिन पार्टी को बहुमत नहीं मिला।

यह भी पढ़ें - राजस्थान : AICC ने 85 नए प्रदेश सचिवों की सूची रोकी, डोटासरा और रंधावा को लगा तगड़ा झटका

यह भी पढ़ें - मध्य प्रदेश युवा कांग्रेस का विस्तार, एक उपाध्यक्ष 15 महासचिव और 50 सचिवों की नियुक्ति