31 अक्टूबर 2026,

शनिवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

Delhi Air Pollution: सुप्रीम कोर्ट का सरकार से सवाल, प्रदूषण तो तेज हवा से कम हुआ, आपने क्या किया? 29 नवंबर को अगली सुनवाई

Delhi Air Pollution सुप्रीम कोर्ट में बुधवार को एक बार फिर वायु प्रदूषण को लेकर सुनवाई हुई। इस दौरान शीर्ष अदालत ने केंद्र और दिल्ली सरकार को फटकार लगाई, कोर्ट ने कहा कि हम लोग हवा के बहाव की वजह से बचे, इसमें आपने क्या किया, वहीं सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि AQI 100 से नीचे बना रहे तो कुछ पाबंदियों को हटाया जा सकता है
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

•

image

Dheeraj Sharma

•

Updated: 24 Nov 2021, 12:28 PM IST

Supreme Court

नई दिल्ली। दिल्ली एनसीआर में वायु प्रदूषण ( Delhi Air Pollution ) को लेकर बुधवार को सुप्रीम कोर्ट ( Supreme Court ) में एक बार फिर से सुनवाई हुई है। सुनवाई के दौरान शीर्ष अदालत ने सख्त लहजे में सरकार से पूछा कि प्रदूषण तो तेज हवा से कम हुआ इसमें आपने क्या किया?

यही नहीं मुख्य न्यायाधीश एनवी रमण ने कहा कि हमारे पास कई अर्जियां आई हैं। एक मजदूर संगठन की मांग है कि निर्माण कार्य शुरू करवाया जाए। वहीं दो किसानों ने पराली को लेकर प्रतिबंध हटाने की मांग की है। इस पर कोर्ट ने कहा है कि अगर AQI 100 से कम रहता है तो पाबंदियां हटाई जा सकती हैं।

यह भी पढ़ेँः Delhi: BJP सांसद गौतम गंभीर को ISIS कश्मीर से मिली जान से मारने की धमकी, पुलिस ने घर के बाहर बढ़ाई सुरक्षा

सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र सरकार से कहा कि जब मौसम गंभीर होता है तो उपाय किए जाते हैं। वायु प्रदूषण रोकने के लिए भी उपाय किए जाने चाहिए। यह राष्ट्रीय राजधानी का हाल है, कल्पना कीजिए राजधानी का ये हाल तो हम दुनिया को क्या संदेश दे रहे हैं।

यही नहीं सुप्रीम कोर्ट वायु प्रदूषण स्थिति को लेकर एक बार फिर सख्त नजर आया। शीर्ष अदालत ने केंद्र से तीखा सवाल करते हुए कहा कि हम सभी हवा के बहाव की वजह से बच गए, लेकिन आपने क्या किया।

इस पर सॉलिसिटर जनरल ने कहा कि वायु प्रदूषण में कमी आई है, हम तीन दिन बाद फिर से मॉनीटर करेंगे।
तुषार मेहता ने कहा कि जो भी प्रतिबंध था वह 21 नवंबर तक था, अब स्थिति बेहतर हो गई है। उन्होंने बताया कि 16 नवंबर को दिल्ली में वायु गुणवत्ता सूचकांक 403 था, जो अब 290 पहुंच चुका है।

आईएमडी की रिपोर्ट बताती है कि हवा के एक ही दिशा में चलने के कारण 26 नवंबर तक स्थिति में और भी सुधार होगा। सॉलिसिटर जनरल ने बताया कि छह थर्मल पावर प्लांट 30 नवंबर तक बंद कर दिए गए हैं।
इस पर कोर्ट ने कहा कि प्रदूषण से लड़ने के लिए वैज्ञानिक तैयारी होनी चाहिए, आगामी दिनों में हवा का बहाव कैसा होगा। इसको लेकर तैयारी की जा सकती है।

यह भी पढ़ेँः Delhi Air Pollution: 22 दिन में पहली बार 300 के नीचे पहुंचा AQI, लेकिन अब भी हवा 'खराब

दिल्ली सरकार ने दाखिल किया हलफनामा
- दिल्ली सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में दिल्ली-एनसीआर में वायु प्रदूषण (Air Pollution in Delhi-NCR) के मुद्दे पर हलफनामा दाखिल किया।
- केजरीवाल सरकार ने कोर्ट को बताया कि प्रदूषण से निपटने के लिए गाड़ियों के पार्किंग चार्ज को तीन से चार गुना बढ़ाने की सिफारिश की गई है। इस मामले की जानकारी लोकल बॉडी अथॉरिटी को दे दी गई है।
- दिल्ली में ट्रैफिक को कम करने के लिए पुलिस की संख्या को बढ़ा दिया गया है
- सरकार ने यात्रियों को लुभाने के लिए DTC और क्लस्टर बसों की संख्या को बढ़ाया दिया है
- सड़को पर धूल को साफ करने के लिए डस्टिंग मशीन की संख्या बढ़ाई गई