
दिल्ली दंगे की साजिश का आरोपी शरजील इमाम, photo- patrika
Delhi riots case: साल 2020 के उत्तर-पूर्वी दिल्ली दंगों की साजिश मामले में तिहाड़ जेल में बंद आरोपी और जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (JNU) के पूर्व छात्र शारजील इमाम को कड़कड़डूम कोर्ट से बड़ा झटका लगा है। सोमवार को कोर्ट ने उनकी उस याचिका को खारिज कर दिया जिसमें उन्होंने हिरासत के दौरान अपनी PhD थीसिस पूरी करने के लिए कंप्यूटर और पेन ड्राइव के जरिए रिसर्च मैटेरियल की मांग की थी। कोर्ट ने मांगी गई राहत देने से इनकार कर दिया।
याचिका पर सुनवाई करते हुए एडिशनल सेशंस जज (ASJ) समीर बाजपेयी की कोर्ट ने कहा कि केवल जेल प्रशासन ही आवेदक द्वारा पेन ड्राइव और उससे जुड़े मटीरियल के इस्तेमाल को रेगुलेट और मॉनिटर कर सकता है। इसलिए, कोर्ट इस अनुरोध पर विचार करने का फैसला पूरी तरह से जेल सुपरिटेंडेंट पर छोड़ता है।
शरजील इमाम ने अपने वकील अहमद इब्राहिम के जरिए कोर्ट में एक याचिका दाखिल की थी। याचिका में कहा गया था कि वह मॉडर्न हिस्ट्री में अपनी डॉक्टोरल रिसर्च (PhD थीसिस) पूरी करना चाहते हैं और इसके लिए उन्होंने जेल के कंप्यूटर पर पेन ड्राइव में मौजूद मैटेरियल के इस्तेमाल की अनुमति मांगी थी।
सुनवाई के दौरान, शरजील की ओर से कहा गया कि जेल नंबर 1 के तत्कालीन सुपरिटेंडेंट ने पहले उन्हें संबंधित मैटेरियल वाली पेन ड्राइव लाने और इस्तेमाल करने की अनुमति दी थी। हालांकि, पिछले सुपरिटेंडेंट के ट्रांसफर के बाद आए नए जेल सुपरिटेंडेंट ने इस पर रोक लगा दी, जिससे उनका एकेडमिक काम रुक गया।
सुनवाई के दौरान, डिप्टी सुपरिटेंडेंट (जेल) द्वारा दाखिल जवाब में पेन ड्राइव की अनुमति देने के अनुरोध का विरोध किया गया। जेल प्रशासन ने तर्क दिया कि स्टडी मैटेरियल अगर किताबों या कागज़ों के रूप में हो तो उसकी जांच करना आसान है, वहीं पेन ड्राइव में डेटा बहुत बड़ा हो सकता है, जिससे जेल प्रशासन के लिए उसकी पूरी तरह से जांच और सेंसरशिप करना बेहद मुश्किल हो जाता है।
IIT बॉम्बे से ग्रेजुएट और JNU के पूर्व रिसर्च स्कॉलर शरजील इमाम पर 2020 के दिल्ली दंगों के मामले में गैर-कानूनी गतिविधि (रोकथाम) अधिनियम (UAPA) के तहत आरोप हैं। वह लगभग छह साल से जेल में हैं। हाल ही में ट्रायल कोर्ट द्वारा उनकी जमानत याचिका खारिज किए जाने के बाद, उन्होंने दिल्ली हाई कोर्ट का रुख किया है।
Updated on:
20 Jul 2026 03:23 pm
Published on:
20 Jul 2026 03:05 pm
