
भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान (इमेज सोर्स: आईएएनएस)
NEET Paper Leak Controversy : इन दिनों नरेंद्र मोदी कैबिनेट में फेरबदल की अटकलें खूब चल रही हैं। इसी कड़ी में इस बात के कयास भी लगाए जा रहे हैं कि किस मंत्री को हटाया जा सकता है और किस नेता को सरकार में लाया जा सकता है। हटाए जाने वाले जिन मंत्रियों के नाम चर्चा में आ रहे हैं, उनमें धर्मेंद्र प्रधान एक अहम नाम है। पहले जानते हैं कि धर्मेंद्र प्रधान को हटाए जाने की अटकलों का आधार क्या है?
पिछले दिनों NEET-UG पेपर लीक के बाद धर्मेंद्र प्रधान के खिलाफ सोशल मीडिया पर लोगों का गुस्सा देखने को मिला। बाद में यह गुस्सा सड़कों पर भी दिखा। विपक्ष ने उनके इस्तीफे की जोरदार मांग की। मजाक-मजाक में बनी कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग को लेकर कई शहरों में प्रदर्शन किया और आगे भी करने का ऐलान कर रखा है। 28 जून को सोनम वांगचुक इस मांग के समर्थन में दिल्ली के जंतर मंतर पर भूख हड़ताल पर बैठ गए।
धर्मेंद्र प्रधान को हटाए जाने के लिए सरकार पर दबाव बनाने की पीछे सबसे ताजा कारण पेपर लीक है। इससे पहले यूजीसी के एक सर्कुलर को लेकर प्रधान लोगों के निशाने पर आए थे। लेकिन, उस बात को महीनों बीत गए और बात आई-गई हो गई लगती है।
ऐसे मौके बहुत कम ही आए हैं जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने विपक्ष या आंदोलनकारियों के दबाव में आकर किसी मंत्री को हटाया हो। एमजे अकबर का एक नाम इस श्रेणी में आता है, लेकिन वह मामला अलग था। अकबर पर यौन उत्पीड़न के आरोप थे। सरकारी कामकाज से जुड़ा कोई मामला नहीं था। उस समय 'मी टू' नाम से चली मुहिम काफी असरदार तरीके से फैल चुकी थी।
'मी टू' कैम्पेन भी मुख्य रूप से सोशल मीडिया के जरिये ही चला था, लेकिन आज धर्मेंद्र प्रधान के खिलाफ चल रहा सीजेपी का कैम्पेन सड़क पर उतर चुका है। उनके समर्थन में सोनम वांगचुक भी भूख हड़ताल पर बैठ गए हैं।
वांगचुक ने पिछले साल लेह में लद्दाख को राज्य का दर्जा दिए जाने की मांग को लेकर 15 दिन भूख हड़ताल की थी। आंदोलन हिंसक हो जाने के बाद उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया था। उन्हें छह महीने राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (रासुका - National Security Act) के तहत जेल में रहना पड़ा। वांगचुक के उस आंदोलन को सरकार ने खत्म कर दिया था, लेकिन यह आंदोलन राष्ट्रीय राजधानी में है और इसे धीरे-धीरे समर्थन भी मिल रहा है। ऐसे में इसकी कामयाबी की संभावना को पूरी तरह नकारा नहीं जा सकता। हालांकि, यह भी सच है कि प्रधानमंत्री धर्मेंद्र प्रधान को हटा कर विपक्ष या अभिजीत दीपके (सीजेपी संस्थापक) के आंदोलन के सामने झुकने का संदेश जाने देंगे, यह आंदोलन के चरम पर पहुंच जाने की स्थिति में ही सोचा जा सकता है।
धर्मेंद्र प्रधान के पक्ष में एक बात यह भी है कि प्रधान पार्टी और सरकार का काम करने में कोई कोताही नहीं कर रहे हैं। शिक्षा मंत्रालय में सरकार की नीतियों को प्रभावी तरीके से लागू करने में वह लगे हुए हैं। इस साल के लिए एनसीईआरटी की आई किताबों में भी कई ऐसे चैप्टर या प्रकरण शामिल किए गए हैं, जो सरकार के एजेंडे को आगे बढ़ाने में मददगार हो सकता है। आपातकाल, मतदाता सूची का विशेष सघन पुनरीक्षण (एसआईआर) जैसे विषयों को एनसीईआरटी किताबों में शामिल करना और गुजरात दंगे, फैज अहमद फैज की पंक्तियां, मुगल राजाओं से जुड़े किस्से आदि हटाना इस संदर्भ में देखा जा सकता है।
26 जून को 57 साल के हुए प्रधान को जब उनके बॉस नरेंद्र मोदी ने सार्वजनिक रूप से जन्मदिन की शुभकामना दी, तब भी उन्होंने यह बात स्पष्ट कर दी। प्रधानमंत्री ने अपने एक्स अकाउंट पर साफ लिखा कि प्रधान राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) को लागू करने की दिशा में सराहनीय काम कर रहे हैं।
पेपर लीक को विपक्ष ने मुद्दा बनाया और सरकार के खिलाफ माहौल बनाने की पूरी कोशिश की, लेकिन यह भी सच है कि पेपर लीक का मसला केवल मोदी सरकार या बतौर शिक्षा मंत्री प्रधान के कार्यकाल की ही समस्या नहीं रही है। 2002 से 2025 के बीच पेपर लीक के करीब चार दर्जन (45) बड़े मामले सामने आए हैं। 2015 के बाद से पेपर लीक या परीक्षा से जुड़ी गड़बड़ियों के करीब 150 केस दर्ज हुए हैं। इनमें से बहुत कम मामले ऐसे हैं, जिनमें किसी बड़े अफसर पर गाज गिरी हो। 11 साल में केवल एक केस में किसी को अदालत से सजा हुई है। इसलिए इस मामले को लेकर प्रधान की बलि ली जाए, ऐसा सामान्य परिस्थिति में होने की संभावना कम ही है।
धर्मेंद्र प्रधान की पार्टी और सरकार में 'परफॉर्मर' की छवि है। साथ ही, मोदी-शाह की जोड़ी के साथ उनकी केमिस्ट्री भी अच्छी है। वह किसी विवाद में पड़े बिना पार्टी या सरकार द्वारा दी गई ज़िम्मेदारी को निभाने में यकीन रखते हैं। तभी वह 2014 से ही मंत्री और 'मोदी-शाह के हनुमान' बने हुए हैं।
Updated on:
26 Sept 2026 01:51 pm
Published on:
30 Jun 2026 09:47 am
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