
राजपाल यादव ( सोर्स: IMDb)
Delhi High Court : दिल्ली हाईकोर्ट में राजपाल यादव से जुड़े चेक बाउंस मामले में सुनवाई जारी है। 2 अप्रेल 2026 को जस्टिस स्वराना कांता शर्मा की बेंच ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद फैसला सुरक्षित रख लिया। समझौते की कोशिश नाकाम रहने के बाद कोर्ट ने यह कदम उठाया। अभिनेता राजपाल यादव वर्चुअल माध्यम से पेश हुए। उन्होंने अपनी आर्थिक परेशानियों का जिक्र करते हुए भावुक अपील की। उन्होंने बताया कि उन्होंने पांच फ्लैट बेच दिए हैं और काफी रकम चुका भी चुके हैं। फिर भी मुश्किलें कम नहीं हो रही हैं। उन्होंने कहा कि वे भावुक नहीं हो रहे, लेकिन स्थिति इतनी कठिन है कि अगर जरूरत पड़ी तो जेल जाने को भी तैयार हैं।
यह मामला नेगोशिएबल इंस्ट्रूमेंट्स एक्ट की धारा 138 से जुड़ा है। शिकायतकर्ता कंपनी ने राजपाल यादव पर कई चेक बाउंस करने का आरोप लगाया था। ट्रायल कोर्ट ने उन्हें दोषी ठहराया था। इसके बाद हाईकोर्ट में रिवीजन पिटीशन दायर की गई, जिसमें देरी को लेकर सवाल भी उठे। कोर्ट ने पहले अंतरिम राहत दी थी और सजा पर रोक लगाई थी। हाल ही में मार्च 2026 में भी कोर्ट ने उनकी जेल जाने की तारीख टाली थी क्योंकि उन्होंने काफी रकम जमा कर दी थी। इस बार भी कोर्ट ने समझौते की पहल की। शिकायतकर्ता पक्ष ने 6 करोड़ रुपये को अंतिम राशि मानकर समझौते पर सहमति जताई। लेकिन राजपाल यादव इससे सहमत नहीं हुए।
सुनवाई के दौरान कोर्ट ने राजपाल यादव के रुख में बदलाव पर नाराजगी जताई। जज ने कहा, “मुझे साफ जवाब नहीं मिल रहे। एक तरफ अंडरटेकिंग कुछ और कहती है, तो अब आप कुछ और कह रहे हैं।” कोर्ट ने न्यायिक समय बर्बाद न करने की चेतावनी भी दी। कोर्ट ने मध्यस्थता करते हुए 3 करोड़ रुपये की राशि तय समय में चुकाने का सुझाव दिया, लेकिन दोनों पक्ष सहमत नहीं हो सके। इस वजह से कोर्ट ने अंतिम फैसला सुनाने के लिए सुरक्षित रख लिया। यादव ने कोर्ट में अपनी स्थिति स्पष्ट करते हुए कहा कि वे आर्थिक संकट से गुजर रहे हैं। उन्होंने अपनी मेहनत और पिछले भुगतानों का हवाला दिया। इस मामले में पहले भी कई सुनवाइयां हो चुकी हैं और कोर्ट ने भुगतान की प्रगति पर नजर रखी है।
अब दिल्ली हाईकोर्ट के फैसले का इंतजार है। यह फैसला न सिर्फ राजपाल यादव की आर्थिक जिम्मेदारियों पर असर डालेगा, बल्कि चेक बाउंस जैसे मामलों में अदालतों के रुख को भी प्रभावित कर सकता है। ऐसे मामले अक्सर फिल्मी हस्तियों की जिंदगी पर अतिरिक्त दबाव डालते हैं। यह खबर बॉलीवुड और कानूनी गलियारों में चर्चा का विषय बनी हुई है। राजपाल यादव जैसे लोकप्रिय कलाकार के मामले ने कई लोगों का ध्यान खींचा है, जो आर्थिक संकट और कानूनी लड़ाई से गुजर रहे हैं।
राजपाल यादव की भावुक अपील देखकर कई लोग सहानुभूति जता रहे हैं। एक्टर ने जो कहा कि “मैं जेल पांच बार और जाने को तैयार हूं”, वह उनके संघर्ष को दर्शाता है। वहीं कुछ लोग मानते हैं कि कानूनी प्रक्रिया का पालन जरूरी है और भुगतान की जिम्मेदारी से कोई नहीं बच सकता।
बहरहाल यह मामला सिर्फ एक चेक बाउंस का नहीं है। यह फिल्म इंडस्ट्री में काम करने वालों की आर्थिक अनिश्चितता को भी उजागर करता है। बड़े प्रोजेक्ट्स, देरी से पेमेंट और महंगे खर्चे अक्सर ऐसे संकट पैदा करते हैं। कई कलाकार ऐसे मुश्किल वक्त से गुजर चुके हैं, जो दर्शाता है कि सफलता के पीछे कितनी चुनौतियां छिपी होती हैं। ( इनपुट: ANI )
Updated on:
02 Apr 2026 06:44 pm
Published on:
02 Apr 2026 06:41 pm
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.
