
MEA ने भारतीय नागरिकों की निकासी की खबरों को किया खारिज
MEA Fake News Alert: विदेश मंत्रालय (MEA) ने सोमवार को मीडिया में चल रही खबरों का खंडन किया, जिसमें दावा किया गया था कि भारत और यूएई फुजैराह पोर्ट के जरिए भारतीय नागरिकों की आपातकालीन निकासी की योजना बना रहे हैं। मंत्रालय ने स्पष्ट किया कि ऐसी कोई योजना या समझौता फिलहाल नहीं है और यह खबर पूरी तरह फर्जी है। MEA ने कहा कि नागरिकों को ऐसी झूठी और निराधार खबरों से सतर्क रहने की सलाह दी जाती है और केवल आधिकारिक सरकारी चैनलों से ही जानकारी प्राप्त करें।
विदेश मंत्रालय MEA ने अब आधिकारिक तौर पर कहा कि ऐसी कोई भी समझौता नहीं है हुआ है, जिसमें भारतीय नागरिकों की निकासी की योजना बनाई गई हो। मंत्रालय ने नागरिकों से अपील की है कि केवल सरकारी और सत्यापित चैनलों से ही विदेश में सुरक्षा और यात्रा संबंधित जानकारी लें। मध्य पूर्व में हालिया सैन्य घटनाओं और अमेरिका-इरान युद्ध के चलते तनाव बढ़ा है। इस बीच, वहां रहने वाले भारतीय नागरिक और अंतरराष्ट्रीय यात्री संभावित यात्रा बाधाओं और आपात निकासी योजनाओं को लेकर चिंतित हैं।
MEA ने नागरिकों से कहा है कि वे ऐसी अफवाहों पर ध्यान न दें और केवल आधिकारिक सरकारी चैनलों और सत्यापित अधिसूचनाओं पर ही भरोसा करें। मंत्रालय ने यह चेतावनी तब जारी की है जब मध्य पूर्व में हालिया सैन्य घटनाओं के बाद तनाव बढ़ रहा है, जिससे वहां रह रहे प्रवासी और अंतरराष्ट्रीय यात्री संभावित व्यवधान और आपात स्थिति को लेकर चिंतित हैं।
फुजैराह, जो स्ट्रेट ऑफ होर्मुज से बाहर स्थित है, यूएई का एक महत्वपूर्ण शिपिंग और तेल केंद्र है। इसकी रणनीतिक स्थिति के कारण इसे क्षेत्रीय आपूर्ति और समुद्री मार्गों के लिए अहम माना जाता है।
विदेश मंत्रालय की तथ्य-जांच इकाई ने पिछले कुछ समय से लगातार विदेशी नीति, क्षेत्रीय युद्ध और भारतीय नागरिकों की आपातकालीन निकासी से जुड़ी गलत खबरों के खिलाफ चेतावनी जारी की है। मंत्रालय ने नागरिकों से अपील की है कि केवल भरोसेमंद और आधिकारिक स्रोतों से ही विदेश सुरक्षा, यात्रा बाधा और आपात स्थिति से संबंधित जानकारी लें।
Updated on:
11 May 2026 02:41 pm
Published on:
11 May 2026 02:35 pm
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