
प्रशांत किशोर और बिहार के पूर्व सीएम नीतीश कुमार। (फोटो- IANS)
जन सुराज के संस्थापक और रणनीतिकार प्रशांत किशोर ने बिहार के पूर्व सीएम नीतीश कुमार पर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि नीतीश जी खुद अपनी मुसीबत के लिए जिम्मेदार हैं।
उन्होंने कहा- एक कहावत है- अगर आप गलत तरह के लोगों के साथ जुड़ते हैं, तो आपके साथ सिर्फ बुरा ही होगा। उन्होंने गलत लोगों के साथ रिश्ता जोड़ा तो नुकसान होना तय था। बिहार की जनता सब कुछ देख रही है।
प्रशांत किशोर ने आगे कहा कि नीतीश कुमार ने अपनी राजनीतिक कमजोरी दिखाई, तो उनके अपने ही लोगों ने उन्हें बेच दिया। राजनीतिक तौर पर, यह बात बिहार की पूरी जनता जानती है।
प्रशांत ने पूछा कि आखिर 202 सीटों का जनादेश रखने वाला कोई व्यक्ति राज्यसभा में जाना क्यों चुनेगा? ये सवाल पूरे राज्य में गूंज रहा है।
जनसुराज नेता ने यह भी कहा कि नीतीश जी शारीरिक और मानसिक रूप से भी कमजोर नजर आ रहे थे। ऐसे में उन्हें कुर्सी से हटाना आसान हो गया। बिहार की जनता ये सब साफ देख रही है।
2025 के विधानसभा चुनाव में एनडीए को भारी बहुमत मिला। नीतीश कुमार के पास 202 सीटों का मजबूत समर्थन था। फिर भी वो मुख्यमंत्री की कुर्सी छोड़कर राजयसभा चले गए।
प्रशांत किशोर ने दावा किया कि बिहार के गांव-कस्बों में चर्चा है कि नीतीश का ये कदम उनकी पार्टी और गठबंधन के अंदरूनी खेल का नतीजा है। प्रशांत किशोर ने चुनाव से पहले भी चेतावनी दी थी।
उन्होंने कहा था कि नीतीश कुमार के बाद नई सरकार गुजरात के हित देखकर चलेगी। जनसुराज नेता ने दावा किया कि असली जनादेश कभी मिला ही नहीं। ये सब तैयार किया गया था।
नीतीश की अपनी पार्टी के लोग भी उन्हें बचाने की बजाय नई सत्ता का साथ देने लगे। सियासी दुनिया में दोस्ती और दुश्मनी दोनों बदलती रहती है, लेकिन गलत फैसलों की कीमत हमेशा भारी पड़ती है।
नीतीश कुमार का लंबा करियर विकास कार्यों, महिला सशक्तिकरण और युवा कार्यक्रमों के लिए जाना जाता है। लेकिन आखिरी समय में स्वास्थ्य, गठबंधन और पार्टी के अंदरूनी कलह ने उन्हें घेर लिया।
प्रशांत किशोर अब खुलकर कह रहे हैं कि नीतीश जी को खुद अपनी कमियों पर गौर करना चाहिए। बिहार की जनता अब नए चेहरे और नई उम्मीद देखना चाहती है।
Updated on:
27 May 2026 08:42 pm
Published on:
27 May 2026 08:42 pm
