
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी। (Photo - IANS)
Narendra Modi: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लगातार निर्वाचित प्रधानमंत्री के रूप में बुधवार को 4399 दिन का कार्यकाल पूरा कर देश के प्रथम प्रधानमंत्री पं.जवाहरलाल नेहरू का रिकॉर्ड तोड़ दिया। मोदी सरकार के 12 वर्ष पूर्ण होने और इस उपलब्धि पर कैबिनेट और सत्तारूढ़ भाजपानीत एनडीए ने प्रस्ताव पारित कर पीएम को बधाई दी। इस अवसर पर एनडीए की बैठक में पीएम मोदी ने कहा कि यह सफलता उनकी अकेले की नहीं
बल्कि साथी दलों का सामूहिक यज्ञ है। यह ईश्वर की कृपा के बिना संभव नहीं हैं और जनता ही साक्षात ईश्वर रूप है। मोदी ने सरकार की उपलिब्धयों का जिक्र करते हुए कांग्रेस पर जमकर प्रहार किया। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने देश को बेबसी, दरिद्रता और हीन भावना के गहरे गड्ढे में धकेल दिया था। धीमी विकास दर को हिंदू ग्रोथ रेट बताकर अपनी नाकामियां हिंदुओं के माथे मढ़ी। वास्तव में धीमी विकास दर कांग्रेस ग्रोथ रेट कहना चाहिए और 7% से ज्यादा विकास दर एनडीए ग्रोथ रेट है। कांग्रेस ने खूब घोटाले किए और लोगों में निराशा पैदा की। 2014 में एनडीए सरकार आने के बाद काम की गति, आम आदमी और मध्यवर्ग के लिए फैसलों से जनता का भरोसा मजबूत हुआ। 2014 में आशा की जो किरण जगी वह आज नए आत्मविश्वास की किरण में बदल गई है। एनडीए के 12 साल के शासन में देश कांग्रेस की साजिशों के जाल से मुक्त हो गया है। आज देश का हर नागरिक एक विकसित भारत का सपना देखता है। मोदी ने कहा कि देश हित में फैसले लेने का सिलसिला और तेज होगा, भारत अब विदेशों पर निर्भर नहीं रहेगा।
कैबिनेट की बैठक में विशेष प्रस्ताव पारित कर प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व, जनसेवा और राष्ट्र निर्माण में योगदान की सराहना की गई। प्रस्ताव में गरीब कल्याण, वंचित वर्गों के सशक्तिकरण, समावेशी विकास और सामाजिक न्याय के क्षेत्र में उनकी सरकार की उपलब्धियों का उल्लेख किया गया। साथ ही सात बिंदुओं वाला संकल्प-पत्र भी पारित किया गया।
एनडीए की बैठक में गठबंधन के नेताओं ने मोदी के 12 साल के शासन को देशवासियों के विश्वास, स्थिर शासन और विकास की राजनीति की जीत बताया। बैठक को शिवसेना के एकनाथ शिंदे, टीडीपी प्रमुख एवं आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री चंद्रबाबू नायडू, जद(एस) नेता एच.डी. कुमारस्वामी, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और गृहमंत्री अमित शाह सहित कई नेताओं ने संबोधित किया। बैठक में एनडीए शासित राज्यों के मुख्यमंत्री, उपमुख्यमंत्री और गठबंधन दलों के प्रमुख नेता भी शामिल हुए।
दुनिया के कई नेताओं ने मोदी को ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल करने के लिए बधाई दी। भूटान, इटली, इथियोपिया, मंगोलिया, श्रीलंका, नाइजीरिया, मलेशिया, मालदीव और केन्या, दक्षिण कोरिया के शीर्ष नेताओं ने उन्हें बधाई संदेश भेजे। इसके साथ ही भारत की बढ़ती वैश्विक प्रतिष्ठा, आर्थिक प्रगति और वैश्विक दक्षिण की आवाज को मजबूती से उठाने में मोदी की भूमिका की सराहना की। अमरीका के राजदूत सर्जियो गोर ने भी मोदी को शुभकामनाएं देते हुए भारत-अमरीकी रणनीतिक साझेदारी को मजबूत बनाने में उनके योगदान की प्रशंसा की।
सूत्रों के अनुसार कैबिनेट बैठक में मंत्रिमंडल के सदस्यों ने प्रधानमंत्री को खड़े हो कर शुभकामनाएं दी। इसके बाद प्रधानमंत्री ने सभी से और अधिक समर्पण के साथ काम करने और दोगुने सामर्थ्य के साथ जनता की सेवा करने के लिए कहा।
कांग्रेस ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लगातार 4,399 दिन प्रधानमंत्री पद पर रहने और सबसे लंबे समय तक सेवा देने वाले निर्वाचित प्रधानमंत्री बनने के रिकॉर्ड पर सवाल उठाए हैं। कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने इसे संदिग्ध तरीके से गढ़ा कीर्तिमान बताते हुए कहा कि भाजपा पूर्व प्रधानमंत्री जवाहर लाल नेहरू की विरासत को मिटाने की कोशिश कर रही है। उन्होंने एक्स पर लिखा कि जवाहरलाल नेहरू 15 अगस्त, 1947 को प्रधानमंत्री बने थे और उनके नेतृत्व में स्वतंत्र भारत की नींव रखी गई। आज मोदी के नेतृत्व में संस्थाओं को कमजोर किया जा रहा है।
Updated on:
11 Jun 2026 04:31 am
Published on:
11 Jun 2026 04:31 am
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