
अंकित बालियान मर्डर केस में पुलिस ने किया खुलासा (फोटो सोर्स- IMDb)
Ankit Baliyan Murder: उत्तर प्रदेश के शामली में पिछले सप्ताह जिम के बाहर हरियाणवी गायक और यूट्यूबर अंकित बालियान की हत्या के मामले में पुलिस जांच में बड़ा खुलासा हुआ है। पुलिस के मुताबिक, हत्या की वजह अंकित बालियान के एक गाने को लेकर गैंग के लोगों की नाराजगी बताई जा रही है। इस मामले को दिल्ली की रोहिणी कोर्ट में सितंबर 2021 में गैंगस्टर जितेंद्र मान उर्फ गोगी की हत्या से भी जोड़कर देखा जा रहा है।
पुलिस जांच के मुताबिक, अंकित बालियान ने एक गाना ‘कोर्ट में गोली मारेंगे मेरी जान… जज के पसीने आएंगे’ गाया था। पुलिस का कहना है कि यह गाना 2021 में दिल्ली की रोहिणी कोर्ट परिसर में गैंगस्टर जितेंद्र मान उर्फ गोगी की हत्या की घटना से जुड़ा था।
एसपी नरेंद्र प्रताप सिंह के मुताबिक, गोगी गैंग के सदस्यों ने अंकित से यह गाना नहीं बनाने को कहा था। उनका मानना था कि गाने से उनके गैंग की छवि और प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंच रहा है। हालांकि, अंकित ने उनकी बात नहीं मानी।
पुलिस के मुताबिक, बाद में यह गाना गोगी के प्रतिद्वंद्वी गैंगस्टर टिल्लू ताजपुरिया के समर्थन में माना जाने लगा। टिल्लू ताजपुरिया उस समय जिंदा था। पुलिस ने बताया कि ताजपुरिया और अंकित दोनों एक ही ‘बालियान’ गोत्र से थे, जिसके कारण गैंग से जुड़े लोगों ने कथित तौर पर गाने को अपने खिलाफ और अपमानजनक माना।
एसपी ने कहा कि बाद में इस मामले को लेकर स्पष्टीकरण भी दिया गया था, लेकिन इसके बावजूद आरोपी अंकित से नाराज थे। पुलिस के मुताबिक, 26 अगस्त को आरोपियों को मौका मिला और उन्होंने अंकित की हत्या कर दी।
जितेंद्र मान उर्फ गोगी की सितंबर 2021 में रोहिणी कोर्ट परिसर के अंदर हत्या कर दी गई थी। पुलिस के मुताबिक, गोगी पर अदालत परिसर में गोलीबारी कर हत्या की गई थी।
इसके बाद 2 मई 2023 को दिल्ली की तिहाड़ जेल की जेल नंबर-8 में गैंगस्टर सुनील मान उर्फ टिल्लू ताजपुरिया की हत्या कर दी गई थी। उसे जेल के अंदर कई बार चाकू से हमला कर मारा गया था।
दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल द्वारा दाखिल चार्जशीट के मुताबिक, टिल्लू ताजपुरिया की हत्या को गोगी की हत्या का बदला बताया गया था। पुलिस के अनुसार, टिल्लू पर गोगी की हत्या में शामिल होने का आरोप था।
बता दें कि अंकित बालियान हत्याकांड के दो शूटरों की पुलिस के साथ मुठभेड़ में मौत हो गई। पुलिस के अनुसार, दोनों आरोपियों ने घेराबंदी के दौरान पुलिसकर्मियों पर फायरिंग की, जिसके बाद जवाबी कार्रवाई में वे घायल हो गए। अस्पताल ले जाने के बाद दोनों ने दम तोड़ दिया।
एसपी नरेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि पुलिस जांच में सामने आया है कि मुठभेड़ में मारे गए दोनों 20 अगस्त को शामली पहुंचे थे। दोनों ने यहां एक होटल में ठहराव किया था।
पुलिस ने होटल की CCTV फुटेज खंगाली और वहां दर्ज आधार कार्ड तथा पैन कार्ड की जानकारी भी हासिल की है। पुलिस के मुताबिक, होटल से जुड़े रिकॉर्ड की जांच पूरी कर ली गई है।
जांच में यह भी सामने आया कि आरोपियों ने अपनी गतिविधियों के दौरान किसी GPS ट्रैकिंग डिवाइस या इसी तरह के उपकरण का इस्तेमाल नहीं किया था।
पुलिस के मुताबिक, 26 अगस्त की वारदात का मास्टरमाइंड सोनीपत निवासी राहुल उर्फ भोला है। आरोप है कि वह स्नैपचैट के जरिए पूरी कार्रवाई को संचालित कर रहा था।
एसपी ने बताया कि राहुल उर्फ भोला खुद भी आपराधिक मामलों में आरोपी है और हरियाणा पुलिस को उसकी तलाश है। उसकी गिरफ्तारी की जानकारी देने वाले के लिए इनाम भी घोषित किया गया है।
Updated on:
31 Aug 2026 11:48 am
Published on:
31 Aug 2026 11:47 am
