
TMC के ऑफिस पर चला बुल्डोजर (फोटो- पीटीआई एक्स पोस्ट)
TMC Crisis: पश्चिम बंगाल में सत्ता परिवर्तन के बाद भारतीय जनता पार्टी (BJP) सरकार लगातार अवैध कब्जों और विवादित निर्माणों के खिलाफ अभियान चला रही है। राज्य के कई जिलों में प्रशासनिक कार्रवाई तेज हुई है और सार्वजनिक जमीनों पर बने ढांचों को हटाया जा रहा है। इसी कड़ी में अब पश्चिम मेदिनीपुर जिले के घाताल इलाके में तृणमूल कांग्रेस (TMC) के एक स्थानीय पार्टी कार्यालय पर बुल्डोजर चलाया गया है। प्रशासन का दावा है कि यह कार्यालय कथित रूप से अतिक्रमित निजी और सार्वजनिक जमीन पर अवैध तरीके से बनाया गया था, जिसके बाद यह कार्रवाई की गई है। विधानसभा चुनावों में हार के बाद अपनी पार्टी में बगावत और भतीजे अभिषेक बनर्जी के खिलाफ कानूनी कार्रवाईयों का सामना कर रही ममता बनर्जी के लिए यह खबर परेशानी बढ़ाने वाली साबित हो सकती है।
घाताल इलाके में हुई इस कार्रवाई के दौरान भारी पुलिस बल तैनात रहा। स्थानीय प्रशासन के अधिकारियों ने बताया कि जांच के दौरान सामने आया कि पार्टी कार्यालय विवादित जमीन पर बनाया गया था। इसके बाद नोटिस जारी कर निर्माण हटाने की प्रक्रिया शुरू की गई। बुल्डोजर कार्रवाई के दौरान इलाके में तनावपूर्ण माहौल भी देखने को मिला, हालांकि प्रशासन ने स्थिति को नियंत्रण में रखा। BJP सरकार का कहना है कि राज्य में किसी भी अवैध निर्माण को बख्शा नहीं जाएगा, चाहे वह किसी भी राजनीतिक दल से जुड़ा हो।
इससे पहले उत्तर 24 परगना जिले के टिटागढ़ इलाके में भी इसी तरह की कार्रवाई की गई थी। वहां वार्ड नंबर 12 स्थित एक TMC पार्टी कार्यालय और उससे सटी कई दुकानों को बुल्डोजर से ध्वस्त किया गया था। प्रशासनिक कार्रवाई टिटागढ़ पुलिस और फायर ब्रिगेड अधिकारियों की मौजूदगी में हुई थी। स्थानीय जानकारी के अनुसार यह कार्यालय TMC नेता इनाम खान चला रहे थे। उनकी गिरफ्तारी के बाद प्रशासन ने अवैध कब्जे और कथित गैरकानूनी गतिविधियों के आरोपों के आधार पर कार्रवाई शुरू की थी। BJP सरकार लगातार यह संदेश देने की कोशिश कर रही है कि अवैध निर्माण और राजनीतिक संरक्षण वाले कब्जों के खिलाफ अभियान जारी रहेगा।
बता दें कि विधानसभा चुनावों में हार के बाद से तृणमूल कांग्रेस आंतरिक राजनीतिक संकट से जूझ रही है। पार्टी के सांसद और विधायक बगावत पर उतर आए है। हाल ही में बागी सांसद जगदीश चंद्र बसुनिया ने घोषणा की है कि असंतुष्ट सांसद लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला से मिलकर खुद को वास्तविक TMC संसदीय समूह के रूप में मान्यता देने की मांग करेंगे। बागी खेमे का दावा है कि उनके साथ 19 सांसद और 64 विधायक हैं, जबकि हाल में छह और विधायक उनके समर्थन में आए हैं। ममता बनर्जी और उनके समर्थक पार्टी में इस बगावत के लिए भाजपा को जिम्मेदार ठहरा रहे है।
Updated on:
13 Jun 2026, 5:59 PM IST
Published on:
13 Jun 2026, 5:25 PM IST
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