
फोटो में कांग्रेस नेता राहुल गांधी और पीएम मोदी (सोर्स: ANI)
Rahul Gandhi On UGC NET: कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने यूजीसी-नेट 2026 के कुछ विषयों की परीक्षा दोबारा कराए जाने के फैसले को लेकर केंद्र सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने आरोप लगाया कि PM नरेंद्र मोदी ने ऐसी व्यवस्था बनाई है, जो एक परीक्षा तक ठीक से नहीं करा सकती। राहुल गांधी ने कहा कि विद्यार्थियों के वर्षों का समय ‘चुराया जा रहा है’ और जब तक PM मोदी इस मुद्दे पर जवाब नहीं देते, वह इसे उठाते रहेंगे।
राहुल गांधी ने सोमवार को सोशल मीडिया मंच X पर एक पोस्ट के जरिए UGC-NET परीक्षा को लेकर अपनी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि हर दूसरे पेपर की तरह इस मामले में भी उन्हें पूरा भरोसा है कि कोई जवाबदेही तय नहीं होगी। राहुल के मुताबिक, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ऐसी व्यवस्था तैयार की है जो परीक्षा तक आयोजित नहीं करा सकती और बाद में परीक्षा देने वाले विद्यार्थियों को ही दोषी ठहराती है। उन्होंने लिखा, '' आपके NTA ने अभी क्या किया,मोदी जी, देख लीजिए।''
राहुल गांधी ने राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) पर आरोप लगाया कि उसने गलत प्रश्नपत्र तैयार किए और पुराने प्रश्नों को दोहराया। उन्होंने कहा कि हजारों अभ्यर्थियों ने परीक्षा की तैयारी में वर्षों लगाए, आवेदन शुल्क जमा किया और दूर-दराज के परीक्षा केंद्रों तक यात्रा की। कांग्रेस नेता के मुताबिक, अब इन अभ्यर्थियों को सितंबर में दोबारा परीक्षा देने की प्रक्रिया से गुजरना पड़ेगा।
राहुल गांधी ने NTA की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए पूछा कि एजेंसी अब तक इस सवाल का जवाब क्यों नहीं दे रही है कि क्या परीक्षा से पहले प्रश्नपत्र लीक हुए थे। उन्होंने आरोप लगाया कि NTA अपनी गलती स्वीकार नहीं कर रहा है और इस मामले में जवाबदेही तय होने की संभावना भी कम है।
राहुल गांधी ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि यह ‘पहला कदम था, आखिरी नहीं।’ कांग्रेस नेता ने NTA के नेतृत्व को भी जवाबदेह ठहराए जाने की मांग की।
राहुल गांधी ने कहा कि उन्होंने कोटा, देहरादून और प्रयागराज में भी विद्यार्थियों के मुद्दे को उठाया है और आगे भी उठाते रहेंगे। उन्होंने आरोप लगाया कि मौजूदा व्यवस्था विद्यार्थियों से उनका पैसा, वर्षों का समय, मानसिक स्वास्थ्य और आत्मविश्वास ले रही है, लेकिन बदले में उन्हें कुछ नहीं मिल रहा। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों के वर्षों का समय ‘चुराया जा रहा है’ और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जवाब देने तक वह इस मुद्दे को उठाते रहेंगे।
दरअसल, NTA ने जून में आयोजित यूजीसी-नेट 2026 के तीन विषयों की परीक्षा दोबारा कराने की घोषणा की है। इनमें अंग्रेजी, वाणिज्य और समाजशास्त्र शामिल हैं। परीक्षा एजेंसी के मुताबिक, इन विषयों के प्रश्नपत्रों में त्रुटियों की शिकायतें मिलने के बाद दोबारा परीक्षा कराने का फैसला लिया गया है। परीक्षा सितंबर में फिर से आयोजित की जाएगी।
Updated on:
17 Aug 2026 12:44 pm
Published on:
17 Aug 2026 12:44 pm
