
Yuvraj Manchanda Sister (Photo-ANI/X-@NCMIndiaa)
Yuvraj Manchanda Murder Case : नई दिल्ली। गुरुग्राम में युवराज सिंह मनचंदा हत्याकांड को लेकर परिजनों ने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाए हैं। मृतक की बहन ने दावा किया कि जैसे ही उन्हें युवराज के शव की तस्वीरें मिलीं, उन्होंने खुद उसकी पहचान की। इसके बाद उन्होंने स्थानीय थाना प्रभारी और जांच अधिकारी से संपर्क कर भाई के बचे सामान, कपड़े और अस्थियां सौंपने की मांग की, लेकिन उनका कहना है कि पुलिस ने उन्हें कुछ भी नहीं दिया।
मृतक की बहन के मुताबिक, शव की तस्वीरें देखने के बाद उन्होंने खुद पहचान की कि वह उनके भाई युवराज का ही शव है। इसके बाद उन्होंने स्थानीय थाना प्रभारी और जांच अधिकारी के नंबर लेकर उनसे बात की। बहन ने पुलिस से कहा कि उनकी मां अपने बेटे का इंतजार कर रही हैं और परिवार को कम से कम युवराज की अस्थियां, कपड़े या उसके पास बचा कोई सामान दिया जाए। उन्होंने बताया कि परिवार करीब रात 8 बजे वहां पहुंचा और काफी देर इंतजार किया, लेकिन उनके अनुसार पुलिस ने उन्हें युवराज की कोई वस्तु नहीं सौंपी।
बहन ने बताया कि पुलिस के अनुसार युवराज का शव 10 सितंबर को बरामद हुआ था। शव काफी खराब स्थिति में था। पुलिस का कहना था कि उसे करीब तीन दिन तक मोर्चरी में रखा गया और इसके बाद 14 सितंबर को अंतिम संस्कार कर दिया गया। परिजनों को बताया गया कि अंतिम संस्कार के बाद अस्थियां भी विसर्जित कर दी। परिवार ने युवराज के कपड़े मांगे तो पुलिस ने बताया कि दुर्गंध आने के कारण उसके दो कपड़े अलग कर दिए गए थे। वहीं, घड़ी और कड़ा अस्पताल में होने की बात कही गई।
मृतक की बहन के मुताबिक, जब परिवार ने अस्पताल के कर्मचारियों से जानकारी ली तो उन्हें बताया गया कि पुलिस टीम एक दिन पहले वहां पहुंची थी और युवराज के पहने हुए सामान को जांच अधिकारी अपने साथ ले गए थे। बहन ने यह भी बताया कि युवराज के पास पीले नीलम यानी पुखराज वाली सोने की अंगूठी थी। परिवार को पुलिस की ओर से बताया गया कि ऐसी कोई अंगूठी वहां नहीं मिली। हालांकि, बहन का कहना है कि उनकी चिंता किसी एक सामान को लेकर नहीं, बल्कि इस बात को लेकर है कि युवराज की बची हुई चीजें परिवार को लौटाई जानी चाहिए।
मृतक की बहन ने दावा किया कि परिवार को अब तक पोस्टमार्टम रिपोर्ट समेत अन्य दस्तावेज भी नहीं दिए गए हैं। बहन ने पूछा कि अगर युवराज की मौत पानी में डूबने से हुई तो गुरुग्राम में वह कौन-सा तालाब था, जहां यह घटना हुई। उनका कहना है कि उस इलाके में कोई स्पष्ट तालाब नहीं है और खेतों में कभी-कभी पानी जमा हो जाता है। बहन के मुताबिक, उन्होंने पुलिस से पूछा कि पानी एक, दो या तीन फीट गहरा था। उन्होंने सवाल किया कि करीब छह फीट लंबे व्यक्ति के इतनी कम गहराई वाले पानी में डूबने की स्थिति कैसे बनी।
Updated on:
18 Sept 2026 05:28 pm
Published on:
18 Sept 2026 05:17 pm
