
अभिजीत दीपके ने इस पूरे घटनाक्रम पर कहा कि पार्टी का आंदोलन और विरोध अभी खत्म नहीं हुआ है। फोटो सोर्स-ANI
CJP demands compensation: केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद सियासी गलियारों की हलचल अभी थमी नहीं है। सीजेपी (CJP) के संस्थापक अध्यक्ष अभिजीत दीपके ने इस पूरे घटनाक्रम पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए साफ कर दिया है कि पार्टी का आंदोलन और विरोध अभी खत्म नहीं हुआ है। उन्होंने दो टूक शब्दों में कहा है कि शिक्षा मंत्री का इस्तीफा तो सिर्फ एक शुरुआत है, लेकिन पार्टी का असली मकसद अभी पूरा होना बाकी है।
अभिजीत दीपके ने कहा कि जब तक पीड़ित परिवारों को उनकी मांग के मुताबिक पूरा न्याय नहीं मिल जाता, तब तक उनके तेवर ढीले नहीं पड़ेंगे। पार्टी ने सरकार को अपनी दो मुख्य मांगों के लिए भी चेताया है। उनकी पहली मांग यह है कि संघर्ष और संकट का सामना करने वाले सभी पीड़ित परिवारों को सरकार एक-एक करोड़ रुपए का मुआवजा दे। उनका तर्क है कि सिर्फ राजनीतिक पदों पर फेरबदल से जनता के जख्मों पर मरहम नहीं लगाया जा सकता।
इसके साथ ही, कॉकरोच जनता पार्टी ने इस पूरे मामले में सख्त रुख अपनाते हुए पुलिस प्रशासन पर भी बड़ा हमला बोला है। दीपके ने मांग की है कि इस पूरी प्रक्रिया के दौरान जिन अधिकारियों और पुलिसकर्मियों ने तानाशाही रवैया अपनाया या ज्यादती की, उनके खिलाफ भी तुरंत कड़ी कानूनी कार्रवाई की जानी चाहिए। उनका कहना है कि कानून सबके लिए बराबर है और गलत आचरण करने वाले पुलिसकर्मियों को बख्शा नहीं जाना चाहिए।
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि शिक्षा मंत्री के जाने के बाद भी अगर इस तरह के क्षेत्रीय और नए दल लगातार दबाव बनाए रखते हैं, तो आने वाले दिनों में सरकार के लिए मुश्किलें बढ़ सकती हैं। फिलहाल, कॉकरोच जनता पार्टी के इन कड़े तेवरों ने साफ कर दिया है कि यह राजनीतिक ड्रामा अभी लंबी खींचने वाला है और नजरें अब प्रशासन के अगले एक्शन पर टिकी हैं।
Updated on:
25 Jul 2026 03:36 pm
Published on:
25 Jul 2026 03:26 pm
