
दिल्ली में IRS अधिकारी की बेटी से दुष्कर्म, हत्या और लूट मामले में बड़ा अपडेट सामने आया।
IRS officer daughter murder case: दिल्ली में IRS अधिकारी की बेटी से दुष्कर्म, हत्या और लूट के चर्चित मामले में शनिवार को बड़ा अपडेट सामने आया। साकेत कोर्ट ने पुलिस की 973 पन्नों की चार्जशीट पर संज्ञान लेते हुए मामले की सुनवाई आगे बढ़ा दी है। इस मामले का आरोपी राहुल मीणा फिलहाल न्यायिक हिरासत में रहेगा। अदालत ने उसकी हिरासत अगली सुनवाई तक बढ़ा दी है और अब मामले की अगली सुनवाई 1 अगस्त को होगी।
न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी (JMFC) दीपिका ठाकरण की अदालत में दिल्ली पुलिस ने बताया कि चार्जशीट दुष्कर्म, हत्या और लूट जैसी गंभीर धाराओं में दाखिल की गई है। हालांकि जांच अभी पूरी तरह समाप्त नहीं हुई है। कुछ फोरेंसिक और वैज्ञानिक जांच रिपोर्ट अभी आनी बाकी हैं, जिन्हें पूरक चार्जशीट के जरिए अदालत में पेश किया जाएगा।
सुनवाई के दौरान अदालत ने आरोपी की ओर से नियुक्त लीगल एड वकील को चार्जशीट और अन्य जरूरी दस्तावेज उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। साथ ही दस्तावेजों की जांच के लिए दो सप्ताह का समय दिया गया है। जांच अधिकारी ने अदालत को बताया कि मृतका की तस्वीरें बचाव पक्ष को उपलब्ध नहीं कराई जा सकतीं। इस पर अदालत ने जांच अधिकारी को यह साफ करने के लिए आवेदन दाखिल करने को कहा कि कौन-कौन से दस्तावेज दिए जा सकते हैं और किन्हें गोपनीय रखा जाएगा।
मामले में शिकायतकर्ता की ओर से पेश अधिवक्ता ने अदालत से चार्जशीट की गोपनीयता बनाए रखने की मांग की। इस पर अदालत ने निर्देश दिया कि चार्जशीट किसी भी तरह सार्वजनिक या लीक नहीं होनी चाहिए।
दिल्ली पुलिस के मुताबिक यह वारदात 22 अप्रेल 2026 को अमर कॉलोनी थाना क्षेत्र में हुई थी। घटना के बाद जांच एजेंसियों ने मौके से वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाने के लिए केंद्रीय और राज्य फोरेंसिक विशेषज्ञों की मदद ली। पुलिस ने जांच के दौरान 100 से अधिक सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली, जिससे आरोपी की घटनास्थल तक आने और वहां से भागने की पूरी गतिविधि का पता लगाया गया।
पुलिस का दावा है कि सीसीटीवी फुटेज के आधार पर राहुल कुमार मीणा की पहचान की गई और घटना वाले दिन ही उसे गिरफ्तार कर लिया गया। जांच के दौरान आरोपी की निशानदेही पर लूटा गया पूरा सामान भी बरामद कर लिया गया।
पुलिस का कहना है कि जांच सिर्फ मौके से मिले सबूतों के आधार पर नहीं की गई। डीएनए जांच, फिंगरप्रिंट, घटनास्थल की दोबारा पड़ताल और दूसरे वैज्ञानिक तरीकों की मदद से भी सबूत जुटाए गए। पुलिस का दावा है कि इन सभी जांचों से आरोपी के खिलाफ मिले सबूत मजबूत हुए हैं। अब अदालत में चार्जशीट और अन्य दस्तावेजों की जांच होगी, जिसके बाद मामले की सुनवाई आगे बढ़ेगी।
Updated on:
18 Jul 2026 03:45 pm
Published on:
18 Jul 2026 03:45 pm
