23 जनवरी 2026,

शुक्रवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

नोएडा एयरपोर्ट मेट्रो के निर्माण का रास्ता हुआ साफ, नोएडा-ग्रेटर नोएडा के लोगों को मिलेगी सहूलियत

Highlights - खर्च राशि को लेकर राज्य और केंद्र सरकार के बीच बनी सैद्धांतिक सहमति - प्रस्तावित मेट्रो परियोजना पर 1500 करोड़ रुपए होंगे खर्च - 1050 करोड़ रुपए राज्य और केंद्र सरकार तो 450 करोड़ खर्चेगी अथॉरिटी

2 min read
Google source verification

नोएडा

image

lokesh verma

Jan 14, 2021

नोएडा. ग्रेटर नोएडा से जेवर में प्रस्तावित नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट तक 35.6 किलोमीटर लंबे मेट्रो लाइन ट्रैक के निर्माण का रास्ता साफ हो गया है। इस प्रोजेक्ट में राज्य और केंद्र सरकार धनराशि देने को राजी हो गई हैं। सरकारों की सैद्धांतिक मंजूरी के बाद अब इस परियोजना को आगे बढ़ाया जा सकेगा।

यह भी पढ़ें- यूपी के Hitech शहर में कमिश्नरेट प्रणाली को 1 साल पूरा, लोगों से मांगा गया फीडबैक

बता दें कि दिसंबर 2023 या जनवरी 2024 की शुरुआत में नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट से पहले उड़ान शुरू होगी। यमुना अथॉरिटी उससे पहले ही ग्रेटर नोएडा से जेवर तक मेट्रो का निर्माण करना चाहता है। इसके लिए प्राधिकरण ने पहले से ही फिजिबिलिटी रिपोर्ट तैयार कर रखी है, जिसमें इंटरनेशनल एयरपोर्ट को देखते हुए मेट्रो को जरूरी बताया गया है। दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (DMRC) इसकी प्रोजेक्ट रिपोर्ट पहले बनाकर लखनऊ मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन को भेज चुका है।

यूपी सरकार की इस महत्वाकांक्षी परियोजना की जिम्मेदारी उत्तर प्रदेश मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन निभाएगा। डीएमआरसी की रिपोर्ट के अनुसार, ग्रेटर नोएडा के नॉलेज पार्क से नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट जेवर तक 35.6 किलोमीटर लंबे मेट्रो ट्रैक का निर्माण किया जाना है, जिसमें करीब 1500 करोड़ रुपए का खर्च आएगा, जिसमें 450 करोड़ रुपए यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण खर्च करेगा। वहीं, राज्य और केंद्र सरकारें 1050 करोड़ रुपए खर्च करेंगी।

यहां बता दें कि नॉलेज पार्क से नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट तक बनने वाले मेट्रो ट्रैक पर कुल 29 मेट्रो स्टेशन बनाए जाएंगे। इस प्रोजेक्ट को नोएडा मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन की जगह उत्तर प्रदेश मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन पूरा करेगी। गौरतलब हो कि यमुना प्राधिकरण ने डीपीआर की जिम्मेदारी डीएमआरसी को दी थी। डीएमआरसी ने करीब 6 महीने पहले डीपीआर यूपीएमआरसी को सौंप दी थी। अब राज्य और केंद्र सरकार की सैद्धांतिक सहमति के बाद मेट्रो रेल निर्माण का रास्ता साफ हो गया है। इसके बनने से नोएडा-ग्रेटर नोएडा के लोगों को बड़ी सहूलियत मिलेगी।

यह भी पढ़ें- Weather Updates: बर्फीली हवाओं से UP में बढ़ी ठिठुरन, इन जिलों में 5 डिग्री से नीचे पहुंचा पारा