रेलवे का यात्रियों के लिए खास तोहफा, कोरोना से बिना डरे करें सफर, देखें Video

Highlights

- पोस्ट कोविड कोच में सुरक्षित सफर कर सकेंगे यात्री

- प्लाज्मा एयर प्युरिफिकेशन सिस्टम से लैस होगा कोच

- टाइटेनियम डाई ऑक्साइड कोटिंग और कॉपर कोट के माध्यम से सुरक्षित होगा सफर

- कई तरह की हैंड्स फ्री सुविधाओं से लैस होगा विशेष कोच

- कोरोना की चपेट में आए बगैर कैसे कामकाज किया जाए इस तकनीक पर काम कर रहा रेलवे

By: lokesh verma

Published: 10 Aug 2020, 10:55 AM IST

नोएडा. देशभर में कोरोना संक्रमण ( coronavirus ) के मामले लगातार बढ़ रहे हैं। 64 हजार नए मामलों के साथ अब देश में कोरोना संक्रमितों का आंकड़ा साढ़े 21 लाख से ऊपर जा पहुंचा है। कोरोना वायरस ( Covid 19 ) के बढ़ते प्रकोप के चलते रेलवे रेग्युलर टाइम टेबल वाली सभी ट्रेनें ( Train ) 12 अगस्त तक पहले ही रद्द चल रही हैं। वहीं, संक्रमण के फैलाव को देखते हुए भारतीय रेलवे ( Indian Railway ) लगातार यात्रियों को महामारी से बचाने के लिए प्रयासरत है। इसी कड़ी में रेलवे पोस्ट कोविड कोच ( Post Covid Coach ) तैयार किए हैं, जिनके जरिये यात्री सुरक्षित सफर कर सकेंगे। इन कोचों में लोगों को काेरोना से बचाने के लिए विशेष इंतजाम किए गए हैं।

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उल्लेखनीय है कि अभी तक बाजार में कोरोना वैक्सीन नहीं आई है और जब तक कोरोना वैक्सीन नहीं आती तब तक कोरोना संक्रमण के बीच ही जीने की आदत डालनी होगी। कोरोना महामारी की चपेट में आए बगैर कैसे कामकाज किया जाए इसको लेकर कई तकनीक विकसित की जा रही हैं। इसी कड़ी में भारतीय रेलवे पोस्ट कोविड कोच तैयार किए हैं। इन कोच में यात्रियों को कोरोना से बचाने के लिए विभिन्न उपाय किए गए हैं।

सहारनपुर डिप्टी स्टेशन अधीक्षक एके त्यागी ने बताया कि ये विशेष कोच में कई तरह की हैंड्स फ्री सुविधाओं से लैस हैं। यात्री टाइटेनियम डाई ऑक्साइड कोटिंग, कॉपर कोट के माध्यम से सुरक्षित सफर कर सकेंगे। इसके साथ ही प्लाज्मा एयर प्युरिफिकेशन सिस्टम भी लगाए गए हैं। फिलहाल इन कोचों काे कपूरथला रेल कोच फैक्ट्री में तैयार किए गए हैं।

पूरे कोच में टाइटेनियम डाई ऑक्साइड की कोटिंग है, जो पर्यावरण अनुकूल वाटर वेस्ड कोटिंग है। इस कोटिंग से वायरस नष्ट हो जाते हैं। इससे मानव शरीर को कोई नुकसान नहीं पहुंचता है। यह नॉन-टॉक्सिक है और अमेरिकी के फूड एंड ड्रग एडिमिनिस्ट्रेशन से सर्टिफाइड है। रेलवे अधिकारियों के अनुसार इस कोच को तैयार करने में 6-7 लाख रुपये का खर्च होता है।

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