दूसरों का सुकून न छीनें
आजकल शादी-विवाह, धार्मिक आयोजनों, सामाजिक समारोहों और चुनाव जीतने के बाद निकाली जाने वाली विजय रैलियों एवं जुलूसों में तेज आवाज में डीजे और लाउडस्पीकर बजाना आम होता जा रहा है। कई बार ध्वनि का स्तर इतना अधिक होता है कि आसपास के घरों में रहना तक मुश्किल हो जाता है। उत्सव मनाइए, विजय का आनंद लीजिए, लेकिन दूसरों का सुकून मत छीनिए।
- गौरव चौरोटिया, ब्यावर, राजस्थान