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अब सहायक अंगों के सहारे चल सकेंगे दिव्याग

- सहायक अंगों के सहारे चल फि र सकेंगे दिव्यांग - शिविर में ब्लॉक के 79 दिव्यागों को मिला सहारा
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Divya will now be able to walk with the help of auxiliary organs

अब सहायक अंगों के सहारे चल सकेंगे दिव्याग

रायपुर मारवाड़ । पंचायत समिति परिसर में सोमवार को उपखण्ड अधिकारी भंवरलाल जनागल की अध्यक्षता में दिव्यांगों के लिए कृत्रिम अंग परीक्षण शिविर आयोजित हुआ। आईओसी द्वारा सामाजिक दायित्व के तहत आयोजित इस शिविर में उपखण्ड क्षेत्र के 79 दिव्यांग पहुंचे। जिन्हें कृत्रिम अंग दिए जाने के लिए चिन्हित किया गया। साथ ही उन्हें अंग उपयोग के लिए परीक्षण भी दिया गया।
सवेरे दस बजे से शाम पांच बजे तक आयोजित हुए इस शिविर में दिव्यांग अपने परिचितों के संग पहुंचे। टीम ने इनके दस्तावेज की जांच करने के बाद अन्य कागजी प्रक्रिया पूरी की। इसके बाद कृत्रिम अंग के लिए चेकअप किया गया। शिविर में आईओसी के परमेश्वर, सचिन कुमार, सामाजिक एवं अधिकारिता विभाग की अंजू राठौड़, गौतम चन्द, भंवर सिंह सहित स्थानीय चिकित्सालय की टीम ने सहयोग किया।

एसडीएम ने मायूस देख तत्काल बनवाया कार्ड
इस शिविर में कस्बे के राजू सुथार अपने दिव्यांग चाचा नाथूराम सुथार को लेकर पहुंचे। नाथूराम की दो साल पहले सडक़ हादसे में एक पैर कट गया था। इनके पास विकलांगता प्रमाण पत्र नहीं था। इससे वे शिविर लाभ से वंचित रह रहे थे। एसडीएम जनागल ने जब नाथूराम को मायूस देखा तो उन्होंने बीसीएमओ डॉ. सुरेश यादव को फ ोन किया और एक चिकित्सक को तुरंत शिविर में भेजने के निर्देश दिए। डॉ. झाबरमल जाट शिविर में पहुंचे। नाथूराम का ऑनलाइन आवेदन तैयार कर कागजी प्रक्रिया पूरी करने के बाद प्रमाण पत्र देकर उन्हें शिविर में चिन्हित कराया। अब नाथूराम कृत्रिम अंग के सहारे चल फि र सकेंगे।

वार्षिकोत्सव में साकार हुई संस्कृति
खीमेल. गांव में वीरबाला राजपूत छात्रावास के वार्षिकोत्सव में राजस्थानी संस्कृति साकार हुई। वीरबाला राजपूत छात्रावास के वार्डन गजेन्द्रकंवर व प्रियंकाकंवर ने बताया कि वार्षिकोत्सव का शुभारंभ सरस्वती माता की प्रतिमा के पूजन अर्चना से हुआ। कार्यक्रम में छात्राओं ने राजस्थानी संस्कृति से ओतप्रोत राजस्थानी गीतों की प्रस्तुति देकर राजस्थानी संस्कृति को साकार किया। दहेज उन्मूलन पर गरिमासिंह चुण्डावत के नेतृत्व में नाटक प्रस्तुत किया। कार्यक्रम में शैक्षिक व सहशैक्षिक गतिविधियों में उल्लेखनीय प्रदर्शन करने वाली वीरबालाओं को स्मृति चिह्न व गत बोर्ड परीक्षाओं में श्रेष्ठ प्रदर्शन पर प्रत्येक को रजत पदक व ग्यारह सौ रुपए का नकद पुरस्कार देकर सम्मानित किया। मंच संचालन रतन चौहान व हिमानी बालोत ने किया। समारोह में पाली डेयरी जिलाध्यक्ष प्रतापसिंह बिठिया, गुडा एंदला थानाधिकारी चन्द्रसिंह भाटी, बीईईओ सुमेरपुर परबतसिंह खिंदारागांव, जगतसिंह सांडेराव, गोविंदसिंह पांचलवाडा, ईश्वरदयालसिंह मेडतिया, मनोहरसिंह बांकली, जगवीरसिंह साकदड़ा, पाबूसिंह, हीरसिंह लोडता, ओटसिंह, तखतसिंह चाणोद, सुरेन्द्रसिंह झूपेलाव, जीवनसिंह, राजूसिंह सहित छात्राएं मौजूद थी।