
कबूला : जोधपुर की सीवरेज लाइन व पाली की बांडी नदी में छोड़ा था जहर
पाली. पाली व जोधपुर की नदियों और खेतों में प्रदूषित एसिडयुक्त पानी डालकर जमीन को बंजर करने वाला टैंकर माफिया गिरोह के मुख्य सरगना व उसके सहयोगी को आखिर सदर थाना पुलिस ने रविवार तडक़े सांडेराव क्षेत्र से गिरफ्तार कर लिया। दोनों आरोपियों ने एसिड युक्त पानी आबूरोड से टैंकरों के माध्यम से लाकर पाली की बांडी नदी, आस-पास के खेतों व जोधपुर की नदी सहित सीवरेज लाइन में छोडऩा कबूला है।
सीओ पाली ग्रामीण निशांत भारद्वाज ने बताया कि आरोपी मगराज आबूरोड व सिरोही की फैक्ट्रियों से एसिडयुक्त टैंकर लाकर पाली व जोधपुर के पास खाली करता। जोधपुर की सीवरेज लाइन में कुड़ी भगतासनी के पास वह एसिडयुक्त पानी छोड़ता, ताकि किसी को संदेह न हो। स्वीकार किया कि पाली में भी पणिहारी-जोधपुर बाइपास पर एक ढाबे के निकट नदी में एसिड पानी के टैंकर खाली
किए थे।
पत्रिका के लगातार खुलासे के बाद गिरफ्तारी
सदर थानाधिकारी सुरेश चौधरी के अनुसार इस प्रकरण में पुनायता निवासी मगराजसिंह राजपुरोहित, आबूरोड के रीेको एरिया स्थित अरबूजा केमिकल इण्डस्ट्रीज का मालिक अलकेश त्रिवेदी, सिरोही की कृष्णा फैक्ट्री का संचालक गुलाब सिंह व जोधपुर के टैंकर मालिक रामवस्वरूप विश्नोई आरोपी है। इनकी तलाश में पुलिस की टीमें भेजी गई। रविवार तडक़े आरोपी मगराज व उसके सहयोगी रामस्वरूप को सांडेराव क्षेत्र से गिरफ्तार किया गया। राजस्थान पत्रिका ने एसिडयुक्त टैंकर माफिया के खिलाफ लगातार खबरें प्रकाशित कर यह उजागर किया कि पुलिस ने पहले इनको पूछताछ कर छोड़ दिया और वे बेखौफ घूम रहे है। इस पर पुलिस ने जांच अधिकारी बदला और आरोपियों को गिरफ्तार किया। इसमें लक्ष्मणसिंह व धुड़ाराम की भूमिका मुख्य रही।
खुलेंगे कई राज, वैध की आड़ में अवैध कारोबार भी
लम्बे समय बाद पुलिस के हरत्थे चढ़ा आरोपी मगराज पाली के भी कई राज खोलेगा। पाली व सिरोही की किन फैक्ट्री मालिकों से उसके तार जुड़े हुए थे, यह पूछताछ की जा रही है। वह एसिड के बिल सहित कारोबार भी करता और प्रदूषित पानी का काला कारोबार भी उसकी आड़ में कर रहा था। पूर्व में कोतवाली पुलिस के हत्थे चढ़ा आरोपी रावताराम के साथ वह यह काम करता था। गत दिनों से उसने रामस्वरूप के साथ टैंकर लिया और यह काम करना शुरू कर दिया।
पांच साल से धंधे में लिप्त, प्रति टैंकर साठ हजार
आरोपी मगराज शातिर है। वह पिछले पांच साल से इस अवैध कारोबार में लिप्त है। आबूरोड से पाली व जोधपुर ले जाने के लिए प्रति टैंकर के साठ हजार रुपए वह फैक्ट्री मालिकों से लेता। पिछले पांच माह से अधिकांश टैंकर उसने जोधपुर में खाली किए। हर माह दस से पन्द्रह टैंकर वह खाली करता और बड़ी रकम वसूलता।
जोधपुर में फैक्ट्री मालिक पर निगाहें
जोधपुर के रुद्र इण्डस्ट्रीज के फताराम गुर्जर की फैक्ट्री की बिल्टी मिली है। इसकी जांच की जा रही है। उसकी भूमिका सामने आने पर उसे भी आरोपी बनाया जाएगा। इसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
Published on:
18 Feb 2019 08:08 am
