
तेज प्रताप यादव (फोटो - tej pratap yadav FB)
Makar Sankranti: मकर संक्रांति के मौके पर पटना में आयोजित दही-चूड़ा भोज ने बिहार की राजनीति में हलचल मचा दी है। जहां लालू यादव के बड़े बेटे तेज प्रताप यादव बुधवार, 14 जनवरी को एक भव्य दही-चूड़ा भोज का आयोजन कर रहे हैं। वहीं मंगलवार को डिप्टी सीएम विजय सिन्हा के आवास पर भी ऐसा ही भोज हुआ, जिसमें मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और कई NDA नेता शामिल हुए।
इस भोज में लालू यादव के बड़े बेटे और जन शक्ति जनता दल के प्रमुख तेज प्रताप यादव भी शामिल हुए, जिससे उनके NDA में शामिल होने की चल रही अटकलें और तेज हो गईं। हालांकि, किसी भी नेता ने इस सवाल का साफ जवाब नहीं दिया।
भोज में शामिल होने के बाद तेज प्रताप यादव विजय सिन्हा के साथ बाहर आए। मीडिया से बात करते हुए तेज प्रताप ने कहा, "हमें दही-चूड़ा भोज का न्योता मिला था और हम अपना फर्ज निभाने आए हैं। नेता एक-दूसरे से मिलते रहते हैं। राजनीति अलग बात है।" जब उनसे पूछा गया कि क्या वह NDA में शामिल होंगे, तो उन्होंने कहा, "अगर ऐसा कुछ होता है, तो हम आपको बता देंगे। आपको पता चल जाएगा।" विजय सिन्हा ने भी यही बात कही कि अगर कुछ होता है तो सबको पता चल जाएगा।
दही-चूड़ा भोज के बाद, जब पत्रकारों ने लघु जल संसाधन मंत्री और HAM प्रमुख संतोष सुमन से पूछा कि क्या तेज प्रताप NDA में शामिल होंगे, तो उन्होंने जवाब दिया, "ऐसी कोई जानकारी नहीं है। उनका व्यक्तिगत मामला है। अगर वह एनडीए में आना चाहते हैं तो निश्चित तौर पर एनडीए में स्वागत होगा, लेकिन हमको नहीं लगता अभी तक ऐसी कोई बात हैं।"
जब उनसे पूछा गया कि क्या वह तेज प्रताप की दावत में जाएंगे, तो वह मुस्कुराए और कहा, "बेशक मैं जाऊंगा, वह मेरे पड़ोसी हैं। हमें इतने प्रेम भाव से कार्ड देकर गए हैं। अगर मैं नहीं जाऊंगा, तो वे मुझे वहीं से बुलाने लगेंगे। राजनीतिक दुश्मनी हो सकती है, विचारों में मतभेद हो सकते हैं, लेकिन सामाजिक जिम्मेदारियां भी होती हैं।"
विजय सिन्हा के भोज को लेकर सुमन ने कहा, "मिठास का पहला स्वाद सिन्हा जी के घर से शुरू हुआ है, और हमारा मानना है कि यह मिठास पूरे साल बनी रहेगी। यह मिठास इसलिए बनी रहेगी क्योंकि NDA के सभी घटक दलों के नेता यहां मौजूद थे, और सभी ने मिलकर उस मिठास का आनंद लिया। यह मिठास बिहार के विकास के लिए ऊर्जा और ताकत में बदल जाएगी।"
तेज प्रताप के भोज में शामिल होने और विजय सिन्हा के आवास से जाने के बाद, कृषि मंत्री राम कृपाल यादव ने कहा, "तेज प्रताप को कार्यक्रम आयोजित करने और सभी को आमंत्रित करने के लिए धन्यवाद। हम भी जाएंगे।" जब उनसे पूछा गया कि क्या तेज प्रताप NDA में शामिल होंगे, तो उन्होंने साफ किया कि दही-चूड़ा भोज का न्योता मिलने का मतलब NDA में शामिल होना नहीं है, लेकिन अगर वह शामिल होते हैं, तो उनका स्वागत किया जाएगा।
उद्योग एवं पथ निर्माण विभाग के मंत्री दिलीप जायसवाल ने भी दिलचस्प जवाब देते हुए कहा, "हमें किसी का दही-चूड़ा नहीं छोड़ना चाहिए। जहां भी हमें न्योता मिलेगा, हम जाएंगे। अगर लालू-राबड़ी या तेजस्वी भी हमें बुलाएंगे, तो हम जाएंगे।"
Updated on:
13 Jan 2026 05:34 pm
Published on:
13 Jan 2026 03:55 pm
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