अलवर गैंगरेप पर गरमाई यूपी की राजनीति, दलित मुद्दे पर मोदी और माया ने एक दूसरे को घेरा

अलवर गैंगरेप पर गरमाई यूपी की राजनीति, दलित मुद्दे पर मोदी और माया ने एक दूसरे को घेरा

Chandra Prakash Chourasia | Publish: May, 12 2019 03:59:39 PM (IST) | Updated: May, 13 2019 07:01:34 AM (IST) राजनीति

  • अंतिम चरण की वोटिंग से पहले फिर दलित बने मुद्दा
  • अलवर गैंगरेप पर माया और मोदी में चल रही बयानबाजी
  • अलवर में दलित महिला से 5 लोगों ने किया था गैंगरेप

नई दिल्ली। अलवर में 26 अप्रैल को हुए दलित महिला से गैंगरेप मामले में राजस्थान के साथ उत्तर प्रदेश की सियासत उबाल मार रही है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने दूसरी बार यूपी की रैली में इसका जिक्र कर दलित कार्ड खेलने की कोशिश की है। इसके बाद मायावती और मोदी आमने सामने आ गए हैं।

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मोदी ने उठाया अलवर का मामला

कुशीनगर की एक जनसभा मोदी ने बहुजन समाज पार्टी (बसपा) की मुखिया मायावती पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि राजस्थान में दलित बेटी के साथ सामूहिक अत्याचार हुआ। वहां 'नामदार' की सरकार है जो बसपा के सहयोग से चल रही है। दोनों पार्टियां इस घटना को दबाने में लगी हैं। प्रदेश की बेटियां आज बहन जी से पूछ रही हैं कि राजस्थान में बेटी के साथ जो घटना हुई उस पर आपने अपना समर्थन वापस क्यों नहीं लिया। मोदी ने 1995 का जिक्र करते हुए कहा कि बहन जी, जब आपके साथ गेस्ट हाउस कांड हुआ था जिससे पूरे देश को पीड़ा हुई थी। अगर आपको दलितों के लिए प्यार है, तो इसी वक्त राजस्थान की सरकार से समर्थन वापस लें।

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माया ने ऊना और वेमुला से दिया जवाब

मोदी ने माया को दलित मुद्दे पर घेरने की कोशिश की तो बसपा सुप्रीमो ने भी मोदी पर वही कार्ड खेला। मायावती ने सख्त लहजे में कहा कि हमारी पार्टी अलवर की घटना पर उचित और सख्त कार्रवाई न होने पर निश्चित राजनीतिक फैसला जरूर लेगी, लेकिन प्रधानमंत्री मोदी गुजरात के ऊना में दलितों की पिटाई, हैदराबाद सेंट्रल यूनिवर्सिटी के दलित छात्र रोहित वेमुला की मौत और बीजेपी शासित राज्यों दलितों के साथ होते अत्याचार के बाद भी इस्तीफा क्यों नहीं देते हैं।

पुलिस ने दबाई गैंगरेप की वारदात

बता दें कि 26 अप्रैल को राजस्थान के अलवर में दलित महिला के साथ गैंगरेप की घटना हुई थी। आरोप लगा कि पुलिस ने चुनाव की वजह से मामले को दबाए रखा। पीड़िता का कहना है कि वह और उसका पति ललवाड़ी गांव से तालवृक्ष जा रहे थे। रास्ते में पांच बदमाशों ने उनकी मोटरबाइक रुकवा ली। उसे खींचकर पास के रेत के टीले पर ले गए और वहां उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म किया। साथ ही घटना का वीडियो बना लिया। उसे ऑनलाइन अपलोड कर दिया था जो वायरल हो गया। इसके बाद पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठने लगे थे। लोग अलवर की सड़कों पर उतरकर पीड़िता के लिए न्याय की मांग करने लगे। हालांकि अब मामले के सभी आरोपी गिरफ्तार किए जा चुके हैं।

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