
जनवरी 2025 में महाकुंभ आयोजन में लाखों श्रद्धालुओं के आगमन को देखते हुए एनईआर ने भी कमर कस ली है। एनईआर कुंभ में विभिन्न स्टेशनों से 108 ट्रेनें चलाएगा। इसमें सबसे अधिक 56 ट्रेनें मौनी अमावस्या को चलाई जाएंगी।महाकुंभ के दौरान रेलवे स्टेशन से मेला क्षेत्र तक श्रद्धालुओं के सुगम आवागमन के लिए रेलवे प्रशासन ने एकल मार्ग (वन-वे) की विशेष योजना तैयार की है।
इससे रेलवे स्टेशन से मेला क्षेत्र तक पैदल जाने में आसानी होगी। भीड़ प्रबंधन और आपातकालीन स्थिति से निपटने के लिए रेलवे प्रशासन ने 6 आपातकालीन योजनाएं तैयार की हैं। इन योजनाओं के तहत, 90 होल्डिंग एरिया चिह्नित किए गए हैं, जहां अधिक भीड़ होने पर श्रद्धालुओं को नियंत्रित किया जा सकेगा।
निगरानी और नियंत्रण की व्यवस्था महाकुंभ की तैयारियों के तहत प्रयागराज जंक्शन पर एक नियंत्रण कक्ष स्थापित किया जा रहा है, जो मेला क्षेत्र और रेलवे स्टेशनों की गतिविधियों की निगरानी करेगा। यह नियंत्रण कक्ष समन्वय का कार्य करेगा और आपातकालीन स्थिति में त्वरित प्रतिक्रिया सुनिश्चित करेगा। इसके अलावा, स्टेशन पर आने-जाने वाली ट्रेनों की समय-सारणी और सुरक्षा व्यवस्थाओं की भी निगरानी की जाएगी। यहां एनई रेलवे भी अपने कर्मचारियों को तैनात करेगा।
Updated on:
17 Oct 2024 09:28 pm
Published on:
17 Oct 2024 06:52 pm
