
फोटो सोर्स- ChatGPT
Trade Union Federation observed Black Day: रायबरेली में ट्रेड यूनियन महासंघों के आह्वान पर काला दिवस मनाया गया। एक्टू के कार्यकर्ताओं ने काली पट्टी बांध कर जुलूस निकाला। जिलाधिकारी कार्यालय में प्रदर्शन किया। राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन दिया। इस मौके पर पुराने श्रम कानून को बहाल करने और नई श्रम संहिता को वापस लेने की मांग की गई। प्रदेश अध्यक्ष विजय ने बताया कि नया श्रम कानून 21 नवंबर को अनुसूचित किया गया था जो 1 अप्रैल से लागू हो गया है। सरकार 29 पुराने श्रम कानून को खत्म करके चार संहिताएं बनाई है। जिससे मजदूरों को मलिक का गुलाम बनकर रहना पड़ेगा और अस्तित्व खतरे में पड़ जाएगा। जबकि केंद्र सरकार संहिता को मजदूरों के पक्ष में बता रही है । उन्होंने मांग की कि सरकार पुराने श्रम कानूनों को लागू करें।
उत्तर प्रदेश के रायबरेली में श्रम संहिता के खिलाफ काला दिवस मनाया गया। आंदोलन में शामिल विद्रोही ने कहा कि उन कानूनों को खत्म किया गया है जिन्हें देश की जनता ने संघर्ष और कुर्बानियों से हासिल किया था। संहिता को लागू करना देश के संविधान पर हमला है। उन्होंने इसे मोदी सरकार की साजिश बताया। बोले, "यह संहिता एज ऑफ डूइंग बिजनेस को बढ़ावा देने के लिए लाया गया है। इससे कॉर्पोरेट को फायदा होगा।"
उन्होंने कहा कि कोयला, रेल, डिफेंस, शिक्षा, स्वास्थ्य क्षेत्र का निजीकरण किया गया है। इसके साथ ही बीमा क्षेत्र में 100% की एफडीआई की अनुमति दी गई है। जिससे घरेलू बीमा पर विदेशी कंपनियों का नियंत्रण हो जाएगा। अडानी, अंबानी जैसे पूंजीपतियों के लिए कानून बनाए जा रहे हैं। उन्होंने संहिता को खत्म करने की मांग की है।
इस मौके पर किसान सभा के अध्यक्ष फूलचंद मौर्य ने कहा कि गरीबों को उनके अधिकारों और बुनियादी सुविधाओं से दूर किया जा रहा है। लेबर कोड, 12 घंटे की नौकरी, बुलडोजर राज, सामाजिक विभाजन से मजदूर पीड़ित हैं। उनकी समस्याओं का कोई पुरसा हाल नहीं है।
इस मौके पर राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन सौंपा गया। जिसमें चारों श्रम संहिता कानून को रद्द करने की मांग की गई है। इसके साथ ही पुराने कानून बहाल करने और मनरेगा बिजली विभाग के निजीकरण पर रोक लगाने जैसे मुद्दे भी उठाए गए हैं। इस मौके पर कृष्ण आत्मा शर्मा, इंद्र बहादुर यादव, गुड्डू सोनकर सहित बड़ी संख्या में पदाधिकारी, कार्यकर्ता सहित मजदूर मौजूद थे।
Published on:
02 Apr 2026 10:01 pm
बड़ी खबरें
View Allरायबरेली
उत्तर प्रदेश
ट्रेंडिंग
