10 अप्रैल 2026,

शुक्रवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

पूर्व विधायक ने कार्यकर्ताओं व ग्रामीणों को मंदिर में बुला कर कराया सामूहिक भोज, फिर दी चुनावी पार्टी, निर्वाचन विभाग ने थमाया नोटिस

- चार संहिता का किया खुला उल्लंघन

2 min read
Google source verification
पूर्व विधायक ने कार्यकर्ताओं व ग्रामीणों को मंदिर में बुला कर कराया सामूहिक भोज, फिर दी चुनावी पार्टी, निर्वाचन  विभाग ने थमाया नोटिस

पूर्व विधायक ने कार्यकर्ताओं व ग्रामीणों को मंदिर में बुला कर कराया सामूहिक भोज, फिर दी चुनावी पार्टी, निर्वाचन विभाग ने थमाया नोटिस

रायगढ़. बीजेपी से बागी होकर निर्दलीय प्रत्याशी के रूप में चुनाव लडऩे के लिए कमर कस चुके पूर्व विधायक विजय अग्रवाल ने सामूहिक भोज का आयोजन कर आचार संहिता का खुला उल्लंघन किया है। वहीं कार्यालय उद्घाटन के मामले में भी निर्वाचन कार्यालय ने नोटिस जारी कर जवाब मांगा है।

उन्होंने अपने कार्यकर्ताओं और कई गांव के ग्रामीणों को मानकेश्वरी मंदिर में बुलाया और उन्हें भोज कराकर चुनावी पार्टी दी। इसकी शिकायत मिलने पर उच्चाधिकारियों ने जनपद सीईओ आशीष देवांगन को वहां पर जांच करने भेजा तो मौके पर मौजूद उपस्थित पूर्व विधायक विजय अग्रवाल को यह इतना नागवार गुजरा कि उन्होंने जनपद सीईओ से ही झगड़ा करना शुरू कर दिया।

झगड़ा होने की सूचना मिलते ही उडऩदस्ता प्रभारी तहसीलदार शशांक शेखर शुक्ला भी अपनी टीम के साथ मानकेश्वरी मंदिर पहुंच गए। वहां लगभग २५०-३०० लोगों की भीड़ मौजूद थी, जिसमें आस-पास के गांव के सरपंच और पूर्व विधायक के समर्थक व ग्रामीण शामिल थे। उडऩदस्ता दल प्रभारी ने वहां खाना बना रहे रसोईयां व अन्य कर्मचारियों से पूछा तो पता चला कि वहां पर करीब ५० लोगों को खाना खिलाया गया है। हांलाकि जांच के दौरान खाना खाकर आने व जाने का सिलसिला खत्म होने का नाम ही नहीं ले रहा था। जबकि खुद जनपद सीईओ का कहना है कि जब वह मंदिर परिसर में पहुंचे तो वहां पर एक हजार से अधिक लोग उपस्थित थे।

Read More : #पत्रिका की चुनावी अदालत में छलका भाजपा प्रत्याशी का दर्द बोले सड़कों की बदहाली के लिए पूरा सिस्टम है जिम्मेदार

जनपद सीईओ देवांगन ने आरोप लगाया है कि जांच करने के लिए जब वह मौके पर पहुंचे तो पूर्व विधायक विजय अग्रवाल ने किसलिए आए हो कहकर और यह ओडि़शा बार्डर है यहां क्या करना है? आदि बातें कहते दुव्र्यवहार करने लगे। उडऩदस्ता प्रभारी शशांक शेखर शुक्ला ने मामले का पंचनामा तैयार कर उच्च अधिकारियों को पेश किया है।

विजय ने यह दिया जवाब
विजय अग्रवाल का कहना है कि उन्होंने किसी के साथ दुव्र्यवहार नहीं किया गया है। मंदिर परिसर में भक्त प्रसाद लेने पंक्ति में बैठे थे, इस दौरान जनपद सीईओ जूता पहनकर मंदिर प्रांगण में घुसे तो उन्हें मना किया। ओडिसा में भी जिला प्रशासन की टीम जांच कर सकती है क्या?

-चुनावी पार्टी की शिकायत मिलने पर मैं मानकेश्वरी मंदिर जांच करने के लिए गया था। वहां पूर्व विधायक द्वारा मेरे साथ दुव्र्यवहार किया गया है। इसकी सूचना पर उडऩदस्ता दल भी वहां पहुंचा ता और मामले की जांच कर रिपोर्ट तैयार उच्चाधिकारियों को दी गई है। आशिष देवांगन, सीईओ जपं