
पति ने पत्नी को मार-डाला (photo source- Patrika)
Husband Killed Wife: छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में पत्नी की हत्या के एक सनसनीखेज मामले में अदालत ने आरोपी पति को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। यह घटना वर्ष 2022 की है, जिसमें मामूली घरेलू विवाद ने खौफनाक रूप ले लिया था। मामले के अनुसार, 15 अप्रैल 2022 की शाम लैलूंगा थाना क्षेत्र के लमडांड नावामुड़ापारा गांव में रहने वाले अलवन तिग्गा का अपनी पत्नी ग्रेस तिग्गा से खाने-पीने की बात को लेकर विवाद हो गया।
देखते ही देखते यह विवाद इतना बढ़ गया कि गुस्से में आकर आरोपी ने घर में रखी कुल्हाड़ी से पत्नी पर ताबड़तोड़ हमला कर दिया। हमले में ग्रेस तिग्गा के गले और छाती पर गंभीर चोटें आईं, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद परिजनों को इसकी सूचना मिली, जिसके बाद पुलिस को रिपोर्ट दी गई और मामला दर्ज किया गया।
पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर भारतीय दंड संहिता की धारा 302 के तहत मामला दर्ज किया और न्यायालय में चालान पेश किया। सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने साक्ष्य और गवाहों के आधार पर घटना को साबित किया। अपर सत्र न्यायालय घरघोड़ा ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद आरोपी अलवन तिग्गा को हत्या का दोषी ठहराया। अदालत ने उसे आजीवन कारावास की सजा सुनाने के साथ ही 1000 रुपये का अर्थदंड भी लगाया।
यह मामला दर्शाता है कि छोटी-छोटी घरेलू बातों पर होने वाले विवाद किस तरह गंभीर अपराध में बदल सकते हैं। विशेषज्ञों के अनुसार, ऐसे मामलों में समय रहते समझदारी और संवाद बेहद जरूरी होता है, ताकि किसी भी स्थिति को हिंसा तक पहुंचने से रोका जा सके।
विशेषज्ञों का मानना है कि पारिवारिक तनाव, आर्थिक दबाव, नशे की लत और आपसी संवाद की कमी ऐसे मामलों के प्रमुख कारण होते हैं। ग्रामीण और अर्ध-शहरी क्षेत्रों में कई बार विवादों को सुलझाने के लिए काउंसलिंग या कानूनी मदद तक समय पर पहुंच नहीं हो पाती, जिससे स्थिति और बिगड़ जाती है।
कानूनी रूप से, भारतीय दंड संहिता की धारा 302 के तहत हत्या जैसे अपराधों के लिए कड़ी सजा का प्रावधान है, जिसमें आजीवन कारावास या मृत्युदंड तक शामिल हो सकता है। इसके बावजूद, जागरूकता और सामाजिक हस्तक्षेप की कमी के कारण ऐसे अपराध पूरी तरह थम नहीं पा रहे हैं।
Updated on:
19 Mar 2026 02:49 pm
Published on:
19 Mar 2026 02:48 pm
बड़ी खबरें
View Allरायगढ़
छत्तीसगढ़
ट्रेंडिंग
