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Chhattisgarh Politics: ‘लगता है दिनभर चढ़ी रहती है आपको’, नेता प्रतिपक्ष महंत ने BJP विधायक अजय चंद्राकर पर कसा तंज

CG Assembly Monsoon Session: छत्तीसगढ़ विधानसभा के मानसून सत्र के दूसरे दिन जल जीवन मिशन, रायपुर की पेयजल व्यवस्था और अविश्वास प्रस्ताव को लेकर सदन में तीखी बहस हुई।
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Chhattisgarh Politics

अविश्वास प्रस्ताव पर नोकझोंक (photo source- Patrika)

Chhattisgarh Politics: छत्तीसगढ़ विधानसभा के मानसून सत्र के दूसरे दिन सदन में जल संकट, जल जीवन मिशन, अमृत मिशन और अविश्वास प्रस्ताव जैसे मुद्दों पर जमकर बहस हुई। विपक्ष ने रायपुर की पेयजल व्यवस्था और अधूरी योजनाओं को लेकर सरकार को घेरा, वहीं अविश्वास प्रस्ताव को लेकर सत्ता पक्ष और विपक्ष के नेताओं के बीच तीखी नोकझोंक भी देखने को मिली। नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत और भाजपा विधायक अजय चंद्राकर के बीच हुई बयानबाजी पूरे सदन में चर्चा का विषय बनी रही।

CG Assembly News: प्रश्नकाल में जल जीवन मिशन पर उठे सवाल

सत्र की शुरुआत प्रश्नकाल से हुई। भाजपा विधायक भैय्यालाल राजवाड़े ने जल जीवन मिशन के कार्यों और उसकी प्रगति को लेकर सवाल उठाए। इसी दौरान विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने हल्के-फुल्के अंदाज में टिप्पणी करते हुए कहा, "सचिन तेंदुलकर बहुत दिनों बाद बैटिंग के लिए उतरे हैं, पुराने खिलाड़ी हैं।"उनके इस बयान पर सदन में कुछ देर के लिए मुस्कान का माहौल बन गया।

रायपुर की पेयजल व्यवस्था पर सरकार को घेरा

विपक्ष ने रायपुर शहर में पेयजल संकट, टैंकरों के जरिए जलापूर्ति, अमृत मिशन की धीमी प्रगति, जल जीवन मिशन और अवैध नल कनेक्शनों का मुद्दा जोर-शोर से उठाया। विधायकों ने सवाल किया कि राजधानी में कई इलाकों में लोगों को नियमित पेयजल नहीं मिल रहा है, जबकि योजनाओं पर करोड़ों रुपये खर्च किए जा चुके हैं। इस पर उपमुख्यमंत्री एवं नगरीय प्रशासन मंत्री अरुण साव ने सरकार का पक्ष रखते हुए जलापूर्ति व्यवस्था, योजनाओं की प्रगति और सुधारात्मक कदमों की जानकारी सदन में दी।

अविश्वास प्रस्ताव पर महंत-चंद्राकर के बीच तीखी नोकझोंक

सत्र के दौरान कांग्रेस द्वारा लाए जाने वाले अविश्वास प्रस्ताव को लेकर भी सदन का माहौल गर्म रहा। भाजपा विधायक अजय चंद्राकर ने नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत से कहा, "माननीय नेता जी, अविश्वास प्रस्ताव भी दे दिए हो और प्रश्न भी पूछ रहे हैं।" इस पर महंत ने जवाब दिया, "अरे यार, आप हमेशा गड़बड़ करते हो… लगता है, दिनभर चढ़ी रहती है आपको। वो कर लेंगे जो भी करना है अविश्वास प्रस्ताव में, लेकिन किसके कारण ला रहे हैं, ये अभी बताने तो दो।" दोनों नेताओं के बीच हुई इस तीखी जुबानी बहस के दौरान सत्ता पक्ष और विपक्ष के सदस्यों के बीच भी शोर-शराबा और टिप्पणियों का दौर चलता रहा।

BJP vs Congress Chhattisgarh: आज पेश होगा सरकार के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव

कांग्रेस मंगलवार को मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय सरकार के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पेश करेगी। राज्य गठन के बाद विधानसभा में यह 10वां अविश्वास प्रस्ताव होगा। इससे पहले नौ बार अलग-अलग सरकारों के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाए जा चुके हैं, लेकिन हर बार सरकारें सदन में बहुमत साबित करने में सफल रही हैं। विधानसभा अध्यक्ष आवश्यक प्रक्रिया पूरी होने के बाद अविश्वास प्रस्ताव पर चर्चा की तारीख तय करेंगे।

इन मुद्दों पर भी सरकार से मांगे गए जवाब

मानसून सत्र के दूसरे दिन केवल अविश्वास प्रस्ताव ही नहीं, बल्कि कई जनहित के मुद्दे भी सदन में उठे। इनमें प्रमुख रूप से जल जीवन मिशन की प्रगति, रायपुर की पेयजल व्यवस्था, औद्योगिक दुर्घटनाएं, सरकारी शराब दुकानों का संचालन, सरकारी आयोजनों पर खर्च, प्राथमिक स्कूलों में शिक्षकों के रिक्त पद जैसे विषय शामिल रहे। इन सभी मामलों पर संबंधित मंत्रियों ने सदन में जवाब दिया और विपक्ष ने कई बिंदुओं पर सरकार से स्पष्टीकरण भी मांगा।

Monsoon Session: सियासी गर्मी के बीच आगे की चर्चा पर नजर

मानसून सत्र के शुरुआती दो दिनों में ही सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी राजनीतिक टकराहट देखने को मिली है। अब सभी की नजर कांग्रेस के अविश्वास प्रस्ताव और उस पर होने वाली चर्चा पर है, जो आने वाले दिनों में विधानसभा की राजनीति का सबसे बड़ा केंद्र बन सकती है।