
राजधानी रायपुर में धूम -धाम से रात भर निकली झांकी के बाद महादेव घाट कुंड में गणेश प्रतिमाओं का विसर्जन किया गया।

नगर निगम रायपुर की टीम गणेश विसर्जन को लेकर तैनात है। मनमोहक झाकियों में निकली गणेश प्रतिमाओं का विसर्जन किया गया।

राजधानी रायपुर सहित पूरे देशभर में 7 सितंबर को गणेश चतुर्थी के दिन गणपति की प्रतिमा स्थापित की गई थी। 17 सितंबर को अनंत चतुर्दशी से छोटी और बड़ी गणेश प्रतिमाओं का विसर्जन की शुरुवात हो गई है।

इस साल भी गणेश प्रतिमाओं के विसर्जन के लिए नगर निगम रायपुर ने विसर्जन कुंड स्थल पर सभी तैयारियां की है।

डीजे पर लगे प्रतिबंध के बाद भी भक्तों की भीड़ में कमी नहीं हुई। पारंपरिक ढोल-बाजे के साथ विसर्जन किया गया।


रायपुर में 17 सितंबर से गणेश प्रतिमाओं का विसर्जन का यह सिलसिला अगले 5 दिनों तक चलेगा। विसर्जन के दौरान स्वास्थ्य विभाग और पुलिस विभाग की टीम मौके पर मौजूद रहेगी।

गणेश विसर्जन के लिए नगर निगम ने 7 क्रेन की व्यवस्था भी की है। बड़ी मूर्तियों को इन क्रेन के सहारे ही विसर्जन किया गया।

सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए विसर्जन कुंड स्थल पर बेरीकेटिंग के साथ ही गोताखोर की टीम भी तैनात की गई है। गणेश प्रतिमाओं के विसर्जन के लिए नगर निगम 120 से 150 गोताखोर तैनात है।

राजधानी में रात भर निकली मनमोहक झाकियों के बाद गणेश विसर्जन का सिलसिला सुबह से रात भर चलता रहा। इस दौरान कई बड़ी प्रतिमाओं का विसर्जन किया गया।