
रायपुर एयरपोर्ट (Photo Patrika)
Raipur News: राज्योत्सव का इफेक्ट इस तरह है कि राजधानी के प्रमुख स्टार होटलों में बुकिंग लगातार बढ़ रही है, वहीं विमानों का किराया भी बढ़ चुका है। नवा रायपुर व वीआईपी रोड के आस-पास के होटलों में बुकिंग शुरू हो चुकी है। राज्योत्सव में वीवीआईपी मूवमेंट के साथ-साथ प्रदेश की अर्थव्यवस्था में भी पॉजिटिव इफेक्ट आने की संभावना है। होटल-रेस्टोरेंट, लाइफ स्टाइल, विमानन, ट्रैवल्स सहित अन्य क्षेत्रों में इकोनॉमी में बूम देखने को मिल सकता है।
रायपुर से दिल्ली, मुंबई, चेन्नई, कोलकाता के साथ-साथ भोपाल, इंदौर, पुणे, हैदराबाद सहित अन्य शहरों के लिए हवाई उड़ानों के किराए में इजाफा देखा गया है। राज्योत्सव के पांच दिनों में प्रदेश के अलग-अलग व्यवसायिक क्षेत्र में 100 करोड़ के करीब व्यवसाय होने की उमीद है। नवा रायपुर के मे-फेयर रिसोर्ट के कई कमरों को वीवीआईपी के लिए आरक्षित रखा गया है। छत्तीसगढ़ होटल एंड रेस्टोरेंट एसोसिएशन के संरक्षक परमजीत खनूजा के मुताबिक राज्योत्सव में होटल-रेस्टोरेंट सेक्टर में बेहतर व्यवसाय होने की उमीद है।
एक्स, फेसबुक, इंस्टाग्राम व अन्य सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर राज्योत्सव इन दिनों ट्रेंडिंग में हैं। इसके अलावा संस्कृति विभाग ने सोशल मीडिया प्लेटफार्म में राज्योत्सव को लेकर अलग से तैयारियां की है। राज्योत्सव को लेकर विभागों ने अपना वेब पेज तैयार करवाया है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दौरे की वजह से एक से पांच नवंबर तक माना एयरपोर्ट क्षेत्र हाईअलर्ट पर रहेगा। साथ ही माना एयरपोर्ट में एक से पांच नवंबर तक विजिटर्स की एंट्री पर रोक लगा दी गई है। एयरपोर्ट में घरेलू यात्री उड़ानें अपने निर्धारित समय पर चलेगी।
राज्योत्सव का मुय आकर्षण नवा रायपुर स्थित राज्योत्सव स्थल में होगा। इसके साथ ही जिलों में भी राज्योत्सव की धूम मचेगी। जिलों में कार्यक्त्रस्मों के लिए मंत्रियों को जिमेदारी सौंप दी गई है। प्रत्येक जिलों में प्रदर्शनी के साथ-साथ सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा। समान समारोह के साथ ही यहां भी विभागीय उपलब्धियां प्रदर्शित की जाएगी। कार्यक्त्रस्म स्थल के आस-पास मेला-मड़ई जैसा दृश्य होगा, जहां आम लोगों के लिए खरीदारी और खान-पान की व्यवस्था होगी।
राज्योत्सव में छत्तीसगढ़ी धुन के साथ इस बार ग्लोबल रंग भी देखने को मिलेगा। उच्च शिक्षा विभाग के स्टॉल में राज्य में पढ़ने वाले विदेशी छात्र रहेंगे, जो राज्य के लोगों के साथ छत्तीसगढ़ी में भी बात करेंगे। पांच दिन तक चलने वाले राज्योत्सव में विदेशी छात्र दिखाई देंगे और विभाग के अधिकारियों के साथ स्टॉल संभालेंगे। वहीं, विभाग के स्टॉल को इंदिरा कला संगीत विश्वविद्यालय की थीम पर बनाया जा रहा है।
स्टॉल के फ्रंट को पूरा विश्वविद्यालय की ही तरह तैयार किया जा रहा है। स्टॉल में राज्य की उपलब्धियों के साथ ही राष्ट्रीय शिक्षा नीति, भारतीय ज्ञान परंपरा की प्रदर्शनी भी देखने को मिलेगी। विभाग के अपर संचालक डॉ. तपेश चंद्र गुप्ता ने बताया कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति में भारतीय कला परंपरा पर जोर दिया गया है। इंदिरा कला संगीत विश्वविद्यालय राष्ट्रीय धरोहर है और विश्व का पहला संगीत विश्वविद्यालय है। इसलिए विभाग के स्टॉल की थीम विश्वविद्यालय पर ही रखी गई है। वहीं, हर स्टॉल में हर दिन विदेशी स्टूडेंट्स रहेंगे।
राज्य में इंदिरा कला संगीत विश्वविद्यालय के साथ राजधानी के निजी यूनिवर्सिटी में विदेशी स्टूडेंट्स पढ़ने के लिए आते हैं। यहां सैकड़ों स्टूडेंट्स लोकल छात्र-छात्रों के साथ मिलजुलकर रहते हैं। और यहां की संस्कृति को भी अपना रहे हैं।
नाइजीरिया, अफ्रीका जैसे कई देशों से आए छात्र-छात्राएं यहां छत्तीसगढ़ी बोली सीखने के साथ ही सोशल मीडिया पर रील्स भी बना रहे हैं। छत्तीसगढ़ी में मिमिक्री, छत्तीसगढ़ी गानों पर डांस करने के साथ ही छत्तीसगढ़ी कॉमेडी वीडियो भी बना रहे हैं। जो काफी वायरल भी हो रहा है। अपने अंदाज में डांस करते हुए छत्तीसगढ़ी बोलना और गानों पर डांस करते देखना यहां के लोगों को पसंद आ रहा है।
Published on:
29 Oct 2025 09:54 am
