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Rajasthan Schools : ग्रीष्मावकाश के बाद स्कूल खुले, जानें बच्चे अभी कब तक मनाएंगे छुट्टियां

Rajasthan Schools : ग्रीष्मावकाश के बाद आज 24 जून से स्कूल खुल गए हैं। स्कूलों में चहल-पहल शुरू हो गई है। आज स्कूलों में सिर्फ टीचर ही आए। बच्चे अभी 6 दिन और छुट्टी बनाएंगे। 1 जुलाई बच्चे स्कूल से जाएंगे। जानें और कई बातें।

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Rajasthan Schools Reopened after Summer Holidays know how Long Children will be on Vacation

Rajasthan Schools : ग्रीष्मावकाश के बाद स्कूल खुले, जानें बच्चे अभी कब तक मनाएंगे छुट्टियां (File Photo)

Rajasthan Schools : राजस्थान में ग्रीष्मावकाश के बाद सोमवार से शिक्षा विभाग के राजकीय विद्यालयों में चहल-पहल एवं सामान्य गतिविधियां शुरू हो जाएगी। सोमवार को विद्यालय केवल शिक्षक ही आएंगे और 6 दिन तक प्रवेशोत्सव संबंधित कार्य करेगें। वहीं बच्चे 1 जुलाई से विद्यालय आएंगे। प्रदेश के स्कूलों में 17 मई से 36 दिनों का ग्रीष्मावकाश शुरू हो गया था। अब 24 जून से स्कूल खुल गए हैं। इससे पहले 21 जून को विश्व योग दिवस पर स्कूल खुले थे। योग दिवस के दिन प्रदेश के सरकारी एवं निजी विद्यालयों में 36 लाख से अधिक विद्यार्थी, शिक्षक एवं अभिभावकों ने योगाभ्यास किया था। अब 24 जून से नियमित स्कूल खुलने शुरू हो जाएंगे।

प्रवेशोत्सव का कार्यक्रम जारी

शिक्षा विभाग ने राजकीय विद्यालयों में नामांकन वृद्धि, अनामांकित एवं ड्रॉप आउट बच्चों एवं प्रवासी श्रमिकों के बच्चों एवं बालश्रम से मुक्त कराए बच्चों को विद्यालय में नामांकित करने के लिए सत्र 2024-25 में आयोजित किए जाने वाले प्रवेशोत्सव का कार्यक्रम जारी कर दिया है। प्रवेशोत्सव कार्यक्रम के दौरान हाउस होल्ड सर्वे कर शिक्षा से वंचित बच्चों को चिन्हित करते हुए विद्यालय से जोड़कर शाला दर्पण के सीआरसी मॉडयूल पर प्रविष्टि की जाएगी।

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डिजिटल प्रवेशोत्सव एप दर्ज होगी प्रविष्टि

शिक्षा विभाग की ओर से जारी किए गए आदेशानुसार मई माह में विद्यालय के नवीन सत्र के प्रथम दिवस से प्रवेशोत्सव कार्यक्रम का संचालन किया जाना है। इसके अन्तर्गत प्रथम दिवस से शिक्षकों के माध्यम से विद्यालय परिक्षेत्र में घर-घर जाकर सर्वे किया जाएगा। इसके उपरान्त चिन्हित बच्चों एवं विद्यालय में पूर्व से नामांकित विद्यार्थियों का ठहराव सुनिश्चित करने के लिए प्रवेशोत्सव अभियान चलाया जाएगा। शिक्षा से वंचित चिन्हित बालक-बालिकाओं की प्रविष्टि प्रत्येक शिक्षक द्वारा डिजिटल प्रवेशोत्सव एप के माध्यम से की जाएगी।

प्रचार-प्रसार पर विशेष जोर

3 से 18 वर्ष आयु के समस्त बालक बालिकाओ को नामांकित करने के लिए ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज विभाग के स्तर से भी शिक्षा के प्रचार-प्रसार के लिए ग्रामसभाओं में वितरण एवं प्रदर्शन के लिए विज्ञापन, पम्पलेटस् का प्रकाशन करवाएं। प्रवेशोत्सव के दौरान 15 जुलाई तक प्रत्येक गांव में कम से कम दो बार प्रभात फेरी निकाली जाए। विद्यालय में पहली बार प्रवेश लेने वाले बच्चों का स्वागत किया जाएगा। नामांकन बढ़ाने के लिए कक्षा 10 एवं 12 में सर्वोच्च अंक प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों की फोटो लगाने का कार्यक्रम भी होगा।

शिक्षकों को राष्ट्रीय दिवसों के कार्यक्रम में किया जाएगा सम्मानित

प्रत्येक विद्यालय स्तर पर नामांकन के लिए उत्कृष्ट कार्य करने वाले शिक्षकों को राष्ट्रीय दिवसों के कार्यक्रम में सम्मानित किया जाएगा। तीन संस्था प्रधानों को उपखण्ड, पांच संस्था प्रधानों शिक्षकों को जिला एवं एक संस्था प्रधान को शिक्षा संकुल राज्य स्तर पर सम्मानित किया जाएगा। प्रत्येक ब्लॉक के सर्वाधिक नामांकन वाले दो उमावि, एक माध्यमिक, एक उप्रावि एवं एक प्रावि को अतिरिक्त अनुदान प्रदान किया जाएगा। वहीं नामांकन में अप्रत्याशित कमी आने पर जिम्मेदारी तय की जाकर आवश्यक प्रशासनिक कार्यवाही की जाएगी।

इस प्रकार होगा प्रवेशोत्सव का प्रथम चरण

हाउस होल्ड सर्वे/बच्चों का चिन्हिकरण 24 जून से 29 जून।
नामांकन अभियान (सीआरसी मॉडयूल में प्रविष्टि) 1 जुलाई से 16 जुलाई।

प्रवेशोत्सव का द्वितीय चरण

शेष रहे बच्चों के चिन्हिकरण हेतु पुन: हाउस होल्ड सर्वे 18 जुलाई से 24 जुलाई।
नामांकन अभियान (सीआरसी मॉडयूल में प्रविष्टि) 25 जुलाई से 16 अगस्त।

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