30 अक्टूबर 2026,

शुक्रवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

Chanakya Niti: शुभचिंतक की कब होती है पहचान, आचार्य चाणक्य ने कही हैं ये बातें

Chanakya Quotes: चाणक्य नीति शास्त्र में मनुष्य के जीवन में शिक्षा, सेहत, कारोबार, वैवाहिक जीवन और धन आदि सभी की महत्वता का उल्लेख मिलता है। तो आइए जानते हैं हमारे जीवन के दो महत्वपूर्ण पहलुओं सेहत और धन को लेकर आचार्य चाणक्य क्या कहते हैं...
less than 1 minute read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

•

image

Pravin Pandey

•

Updated: 5 Sep 2023, 12:36 PM IST

chanaky_11.jpg

चाणक्य नीति

Chanakya Niti In Hindi: विष्णुगुप्त और कौटिल्य के नाम से विख्यात आचार्य चाणक्य ने अपने नीति शास्त्र में मनुष्य के जीवन के सभी पहलुओं को स्पष्ट किया है। जिसमें शिक्षा, सेहत, कारोबार, वैवाहिक जीवन और धन आदि सभी शामिल हैं। जीवन के इन सभी क्षेत्रों में मनुष्य को किन-किन बातों का ख्याल रखकर आगे बढ़ना चाहिए, उसके बारे में चाणक्य ने अपने विचार व्यक्त किए हैं तो आइए जानते हैं जीवन के दो महत्वपूर्ण पहलुओं यानी स्वास्थ्य और धन को लेकर चाणक्य नीति क्या कहती है...


सेहत
चाणक्य नीति के अनुसार मानव के जीवन की सबसे बड़ी पूंजी उसकी सेहत ही है। एक स्वस्थ व्यक्ति अपने जीवन के हर मुश्किल हालात से लड़ सकता है। आचार्य चाणक्य के अनुसार आपकी सेहत का बड़ा संबंध खानपान से होता है, जो व्यक्ति भोजन के तुरंत बाद खूब पानी पीता है, वह उसके लिए विष समान है। जबकि खाने के बीच में थोडा सा जल ग्रहण करना सही है। वहीं चाणक्य नीति में कहा गया है कि स्वस्थ शरीर के लिए व्यक्ति को स्नान के बाद सप्ताह में एक बार मालिश अवश्य करनी चाहिए। साथ ही मानसिक स्वास्थ्य के लिए ध्यान और योग करना भी जरूरी है।

ये भी पढ़ेंः Janmashtami Upay 2023: जन्माष्टमी के ये सात उपाय कर्ज से दिलाते हैं मुक्ति


धन
आचार्य चाणक्य के मुताबिक धन मनुष्य के जीवन का एक महत्वपूर्ण अंग है। जहां एक धनवान मनुष्य समाज में सम्मान पाता है। वहीं धन या रुपया आपकी मुसीबत के समय सहायता भी करता है। इसके अलावा धन आपके शुभचिंतकों की पहचान भी करवाता है। जो दोस्त और परिजन संपत्ति खोने के बाद भी आपके साथ खड़े होते हैं तो वे आपके शुभचिंतक हैं। साथ ही व्यक्ति को धन की कीमत समझते हुए बुरे समय और भविष्य के लिए उसकी बचत करनी चाहिए। इसलिए पैसा हमेशा सोच-समझकर खर्च करें।