31 अक्टूबर 2026,

शनिवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

SadhguruQuotes: सद्गुरु के आठ प्रमुख कोट, संजो लीजिए गुरु का ज्ञान

जीवन हो, या इसका लक्ष्य या सफलता, इसे देखने का हर व्यक्ति का नजरिया अलग होता है। लेकिन ऐसे लोग जो गहराई से इसे महसूस करते हैं, और इसके करीब जाते हैं, इनका ज्ञान दूसरों का पथप्रदर्शक हो जाता है। आइये योगी सद्गुरु जीवी (SadhguruQuotes) से समझते हैं क्या है जीवन, और कौन सी चीज जीवन की गुणवत्ता तय करती है।
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

•

image

Pravin Pandey

•

Updated: 7 May 2023, 6:36 PM IST

sadhguru.jpg

सद्गुरु जीवी के विचार योग प्यार सफलता और जीवन पर

गुरु व्यक्ति अंधकार से उजाले की ओर ले जाता है और संकट में रास्ता दिखाता है। इसलिए भारतीय जीवन दर्शन में बार-बार गुरु की महिमा बखानी गई है, कहीं कहा गया है कि गुरु के बिना ज्ञान नहीं हो सकता तो कहीं कहा गया है कि 'बलिहारी गुरु आपने गोविंद दियो बताय'। कुल मिलाकर गुरु ही है जो व्यक्ति को अपना ज्ञान देकर इस संसार के संकट से तो उबारता ही है, पारलौकिक राह दिखाकर व्यक्ति जीवन का मकसद उसे बताता है। ऐसे ही ज्ञान के लिए हम जानते हैं सद्गुरु के आठ कोट (SadhguruQuotes), जिसमें ज्ञान का खजाना छिपा है।

सद्गुरु के विचार (Sadhguru ke vichar)


1. योग अपने अंदर पूर्ण संतुलन, गहरी स्पष्टता और असीम उत्साह व उल्लास पैदा करने के लिए होता है। इससे आप जीवन के लिए जबरदस्त तरीके से तैयार हो जाते हैं।
2. हमेशा यह देखें कि आप अपने आसपास के लोगों के लिए सबसे अच्छा क्या कर सकते हैं। अर्पण की यह भावना आपको रोशन कर देगी।
3. जीवन का लक्ष्य मुक्ति है, न कि नियंत्रण या सत्ता। इसका लक्ष्य अपने आप से , अर्जित की हुई चीजों से , शरीर और मन के तौर तरीकों से और जीवन के ध्रुवीकरण से मुक्त होना है।


4. आध्यात्मिकता कोई अपंगता नहीं है। यह इस बारे में नहीं है कि आप क्या नहीं कर सकते, बल्कि आप जो सब कुछ कर सकते हैं यह उसके बारे में है।
5. जब उल्लास चरम पर होता है तो यह आपके शरीर में नृत्या के रूप में अभिव्यक्त होता है।

ये भी पढ़ेंः दुनिया की एक चीज को पैसा भी नहीं खरीद सकता, इसके लिए लोग छोड़ देते हैं दौलत और तख्त ओ ताज


6. सद्गुरु जग्गी वासुदेव (Sadhguru jaggi vasudev) का कहना है कि प्रेम जरूरत नहीं बल्कि एक चाह है। जब आप प्रेम करते हैं, तब आप स्थिर हो जाते हैं फिर किसी और चीज की जरूरत नहीं रह जाती।
7. इससे कोई फर्क नहीं पड़ता कि जीवन आप के ऊपर क्या फेंकता है, आपके पास यह चुनने की आजादी होती है कि उसको कैसे रिस्पॉन्ड करना है। अगर आप चुनने की इस आजादी का हमेशा इस्तेमाल करते हैं तो आप एक सफल इंसान हैं।
8. आप जिस चीज पर ध्यान देने का चुनाव करते हैं, वही आपके जीवन की क्वालिटी को तय करती है।