
सतना। देश के कोचिंग हब राजस्थान के कोटा में पढ़ाई कर रहे बच्चों को वापस लाने की प्रक्रिया प्रदेश शासन से शुरू कर दी है। कोटा प्रशासन द्वारा सौंपी गई सूची के अनुरूप ग्वालियर से लगभग डेढ़ सौ बसों को कोटा भेजा जाएगा। यहां चार अलग अलग स्थानों से मध्यप्रदेश के बच्चों को बसों में रूट वार बैठाया जाएगा। प्रदेश के सभी जिलों को शामिल करते हुए चिन्हित छ: रूट से ये बसे प्रदेश में दाखिल होंगी। इसके बाद इस रूट के प्रथम जिलों में पहुंच कर यहां बच्चों को उतारा जाएगा। जहां से अलग-अलग जिलों के लिये बच्चों को पुन: बैठाया जाएगा। इसके बाद जिले से पहुंचे अधिकारियों की निगरानी में इन बच्चों को संबंधित जिलों में पहुंचाया जाएगा। इन्हें घर भेजने से पहले स्क्रीनिंग की जाएगी। अगर किसी में कोई लक्षण दिखते हैं तो उन्हें संस्थागत क्वारंटीन किया जाएगा। प्रारंभिक सूची के अनुसार 176 बच्चों को सतना जिला वापस लाया जाएगा। विन्ध्य के बच्चों को शिवपुरी रूट से वापल लाया जाएगा। इस सूची में और भी इजाफा हो सकता है। हालांकि इस व्यवस्था को लेकर बनी उहापोह की स्थिति को देखते हुए सोमवार की शाम को मुख्य सचिव इकबाल सिंह वैंस ने कलेक्टरों को पूरी प्रक्रिया विस्तार से समझाई। इन बच्चों को लेने के लिये सतना से कोई बस कोटा नहीं जाएगी।
मुख्य सचिव ने कलेक्टरों को बताई व्यवस्था
कोटा से मध्यप्रदेश आने वाले छात्रों के लिये शासन स्तर से तय की गई व्यवस्था और प्रक्रिया की जानकारी मुख्य सचिव ने सभी कलेक्टरों को दी। बताया कि प्रदेश के अलग अलग जिलों से बसों को न भेज कर ग्वालियर से लगभग डेढ़ बसे कोटा के लिये रवाना की जाएंगी। ये बसे मंगलवार को कोटा के लिये रवाना होंगी।
कोटा प्रशासन की व्यवस्था से बसों में बैठेंगे बच्चे
मध्यप्रदेश के बच्चों को चिन्हांकित करने के लिये कोटा जिला प्रशासन ने कोटा के सभी कोचिंग संस्थानों से मध्यप्रदेश के सभी बच्चों की जिलावार सूची तलब की थी। इसके साथ ही एक एप बनाकर भी सोशल मीडिया से प्रसारित किया था। जिसमें बच्चे अपनी जानकारी देकर अपनी घर वापसी की सूची में नाम दर्ज करा सकते थे। प्राथमिक तौर पर तैयार की गई सूची को कोटा प्रशासन ने मध्यप्रदेश शासन को सौंपते हुए आवश्यक व्यवस्थाएं करने कहा तो कोटा में चार स्थल तय किये गए जहां से बच्चों को मध्यप्रदेश की बसों में बैठाया जाएगा। बताया गया है कि यह सूची अनंतिम सूची है। इसमें जिलों से भेजी गई जानकारी और अन्य स्तरों से कोटा प्रशासन को मिलने वाले नामों को अंतिम समय तक शामिल करते हुए अंतिम सूची में शामिल कर मध्यप्रदेश भेजा जाएगा।
पहले होगी स्क्रीनिंग
बताया गया है कि कोटा से बच्चों को बसों में बैठाने से पहले स्क्रीनिंग की जाएगी। अगर किसी बच्चे में कोरोना संक्रमण के लक्षण मिलते हैं तो उन्हें मध्यप्रदेश न भेजते हुए वहीं संस्थागत क्वारंटीन किया जाएगा। शेष बच्चों को कोटा में छ: रूटों के आधार पर बसों में बैठाया जाएगा। ये रूट संबंधित जिलों के आधार पर तय किये गये हैं। इनमें श्योपुर, शिवपुरी, गुना, राजगढ़, आगर मालवा, नीमच रूट शामिल हैं।
विन्ध्य के बच्चों को शिवपुरी रूट से लाया जाएगा
बताया गया है कि कोटा से बच्चों को जिलेवार तय किये रूट के आधार पर कोटा से बैठाया जाएगा। विन्ध्य के बच्चों को शिवपुरी रूट से वापस लाया जाएगा। अर्थात कोटा से बच्चों को शिवपुरी रूट की बसों में बैठाया जाएगा। यहां से बसें सभी को लेकर शिवपुरी तक आएंगी। शिवपुरी में सभी बच्चों को उतारा जाएगा। यहां से एक बार फिर जिलेवार बच्चों को बसों में बैठाया जाएगा। फिर संबंधित जिलों के अधिकारियों की पायलटिंग में ये बसे जिले तक पहुंचेंगी। सामान्य तरीके से समझे तो शिवपुरी में फिर सतना, रीवा, सीधी, सिंगरौली के बच्चों को अलग-अलग जिलेवार बसों में बैठाया जाएगा।
जिले में पुन: होगी स्क्रीनिंग
संबंधित जिलों में पहुंचने के बाद इन सभी बच्चों की एक बार फिर से सभी की स्क्रीनिंग होगी। अगर किसी में कोरोना संक्रमण के लक्षण दिखेंगे तो उन्हें संस्थागत क्वारंटीन किया जाएगा। शेष सभी बच्चों को होम क्वारंटीन के निर्देश के साथ घरों को भेजा जाएगा।
मंगलवार को जिले के अधिकारी जाएंगे
कोटा से शिवपुरी आने वाले बच्चों को वापस लाने के लिये राजपत्रित अधिकारी शिवपुरी के लिये रवाना होंगे। शिवपुरी पहुंच कर वे कोटा से आने वाले सतना के बच्चों को सतना के लिये आरक्षित बसों में बैठाने और वापस लाने का काम करेंगे। इस दौरान बच्चों के खाने पीने की भी पूरी व्यवस्था शासन-प्रशासन स्तर से की जाएगी।
वापसी के लिय बच्चों के नाम ऐसे जोड़े
अगर किसी बच्चे का कोटा से वापसी में नाम नहीं है तो वह जिला प्रशासन से संपर्क कर अपना नाम दे सकता है या फिर कोटा डीएम द्वारा जारी लिंक https://sehat.typeform.com/to/jckTOQ में जाकर अपना नाम जुड़वा सकता है।
दो अधिकारी जाएंगे बच्चों को लेने
कोटा से आ रहे विद्यार्थियों को शिवपुरी से सतना तक लाने कलेक्टर कार्य पालन यंत्री आरईएस अश्वनी जायसवाल और सहायक क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी सुनील शुक्ला को जिम्मेदारी दी है। ये दोनों अधिकारी मंगलवार को शिवपुरी के लिए रवाना होंगे।
यह है अनंतिम छात्र संख्या
जिला - छात्र संख्या - बसें
पन्ना - 35 - 2
सतना - 176 - 8
रीवा - 352 - 15
सीधी - 84 - 4
सिंगरौली - 239 - 11
Published on:
20 Apr 2020 11:10 pm
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