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Satna: टेबलेट घोटाले की तैयारी, जिले भर के विद्यालयों में भेजे गये फिक्स कोटेशन

मंत्री चिटनिस के कार्यकाल में हो चुका है ग्रीन बोर्ड घोटाला इसी तर्ज पर पीएस एसोसिएट को दिलाया जाना है आर्डर पूरे प्रदेश भर में इस फर्म के लिए राजधानी से है संदेश  

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Satna: टेबलेट घोटाले की तैयारी, जिले भर के विद्यालयों में भेजे गये फिक्स कोटेशन

Satna: Preparation of tablet scam, fixed quotations sent to schools

सतना. स्कूल शिक्षा विभाग में एक बार फिर बड़े घोटाले की तैयारी कर ली गई है। विद्यार्थियों के लिये ऑन लाइन शैक्षणिक सामग्री की व्यापक उपलब्धता तथा शैक्षणिक मोबाइल एप के उपयोग की दृष्टि से स्कूल शिक्षा विभाग ने छात्र संख्या के मान से विद्यालयों में टैबलेट खरीदने की अनुमति दी है। सतना जिले के 248 विद्यालयों में लगभग 500 टैबलेट खरीदे जाने हैं। यह खरीदी नियमानुसार विद्यालयों के प्राचार्यों को शाला प्रबंधन एवं विकास समिति के माध्यम से करनी है। लेकिन यहीं पर खेल कर दिया गया है। इसके लिये विद्यालयों में फिक्ट कोटेशन भेज दिये गये हैं और प्राचार्यों को कह दिया गया है कि खरीदी इसी आधार पर करनी है। फिक्सिंग का यह खेल जिले में भले ही बीईओ के माध्यम से किया जा रहा है लेकिन ऑफ दी रिकार्ड यह कहा जा रहा है कि मामला मंत्रालय से जुड़ा हुआ है। वहीं से प्रदेश के सभी जिलों में फिक्स फर्म को काम देने संदेश दिया गया है। सतना जिले में 75 लाख की खरीदी की जाना है। इसी तरह का खेल तत्कालीन शिक्षा मंत्री अर्चना चिटनिस के कार्यकाल में ग्रीन बोर्ड के नाम पर किया गया था।

मामला मंत्रालय से जुड़ा

मिली जानकारी के अनुसार समग्र शिक्षा अभियान की वार्षिक कार्ययोजना में विद्यार्थियों की ऑन लाइन शिक्षा को ध्यान रखते हुए चिन्हित विद्यालयों में टैबलेट क्रय करने की स्वीकृति दी गई है। इसके तहत विद्यालयों के प्राचार्यों को शाला प्रबंधन एवं विकास समिति (SMDC) के जरिए टेबलेट क्रय करना है। इससे पहले की जिले के प्राचार्य टैबलेट क्रय करते डीईओ कार्यालय की आईटी सेल से यह संदेश पहुंचता है कि आप लोगों को अभी टेबलेट खरीदी नहीं करना है। साथ ही यह भी बताया गया कि जिस फर्म से यह खरीदी करनी है वह आपको बताया जाएगा। अनौपचारिक चर्चा में प्राचार्यों को बताया गया कि मामला मंत्रालय से है।

और बीईओ कार्यालय से पहुंच गए कोटेशन

डीईओ कार्यालय से हुई चर्चा के बाद अगले ही दिनों में बीईओ कार्यालय से टैबलेट क्रय करने के लिये तीन कोटेशन विद्यालय के प्राचार्यों के पास पहुंच जाते हैं। अपने आप में स्पष्ट नजर आ रहे फिक्सिंग के ये कोटेशन में जिस फर्म से क्रय करने के निर्देश दिये गये थे उसके रेट सबसे कम है। शेष दो कोटेशन ज्यादा रेट के हैं। इसके साथ ही प्राचार्यों के पास भोपाल से टेबलेट क्रय करने के संबंध में संबंधित फर्म के एजेंट संपर्क करने लगे हैं।

यह है फिक्सिंग का खेल

बकायदे स्कूल प्राचार्य को संबोधित प्रिंटेड कोटेशन जो बीईओ कार्यालय से भेजे गये हैं उसमें पीएस एसोसिएट द्वारा एक टैबलेट का रेट 14950 रुपये डाला गया है। आईडिया बाक्स का एक टेबलेट का रेट 16800 रुपये तथा सैम सिस्टम का रेट 16300 रुपये डाला गया है। सभी विद्यालयों में एक ही तरीके के कोटेशन पहुंचाए गए हैं। स्पष्ट है कि सभी विद्यालय पीएस एसोसिएट के माध्यम से ही टैबलेट खरीदेंगे। इधर प्राचार्यों का कहना है कि जो टेबलेट पीएस एसोसिएट 14950 रुपये में दे रहा है उससे अच्छा टेबलेट 10 हजार में सतना के बाजार में उपलब्ध है।

'' हमारे यहां बीईओ कार्यालय से टेबलेट खरीदी के तीन कोटेशन भेजे गए हैं। लेकिन अभी तक हमने कोई आर्डर नहीं दिया है।''- सुशील श्रीवास्तव, प्राचार्य व्यंकट 1

'' हमारे पास डीईओ कार्यालय से कोटेशनों के लिफाफे आए थे। उन्हें हमने संबंधित विद्यालयों में भेज दिया है। इससे ज्यादा हमे कोई जानकारी नहीं है। इसकी हमने रिसीविंग भी दी है।''- जेएस तिर्की, बीईओ सोहावल

'' खरीदी रमसा से होनी है। इसकी जानकारी नहीं है। प्राचार्यों को निर्देश है कि वे अपनी पसंद से अपने तरीके से शासकीय क्रय नियमों से खरीदी करें।''- एसएन पाण्डेय, डीईओ