शहडोल। होली नजदीक है, शहर में जगह-जगह रंग-विरंगी पिचारियों की दुकानें सज गईं हैं। लेकिन इस वर्ष बच्चों की पिचकारी और रंगों पर जीएसटी की मार पड़ी है। व्यापारी होली सामग्री पर 15 से 20 प्रतिशत मंहगाई बता रहे हैं। पिचकारी और प्लास्टिक आईटम पर 12 वहीं रंगों पर 18 प्रतिशत जीएसटी लग रहा है। हालाकि जीएसटी के पहले भी एक्साइज ड्यूटी और वैट व्यापारियों को चुकाना पड़ता था। वहीं जीएसटी अधिकारी भी इसे होली की सामग्री पर माइनर डिफरेंस बता रहे हैं। जीएसटी के पहले भी पिचकारी और अन्य प्लास्टिक के आइटम पर 5रुपए प्रोडक्शन एक्साइज ड्यूटी और बाजार में आने पर सामग्री पर 5 रुपए वैट लगाया जाता था। अब एक साथ जीएसटी लगने से व्यापारी जीएसटी को कोस रहे हैं।
अलग-अलग कीमत की सामग्री है मौजूद
शहर के गांधी चौक, बुढ़ार चौक, पुराना गांधी चौक सहित प्रमुख स्थानों पर रंग विरंगी पिचकारी की दुकानें खुल गई हैं। व्यापारियों द्वारा रंग, गुलाल, मुखौटे, स्प्रे पेंट सहित तरह-तरह के प्लास्टिक आइटम बेचे जा रहे हैं। अलग-अलग कीमतों की सामग्री बाजार में उपलब्ध है। दुकानदारों ने बताया कि इस बार 200 से 350 रुपए तक की म्यूजिक पिचकारी बाजार में आई हैं, जिनकों बच्चे खासा पसंद कर रहे हैं।