
शारीरिक संबंध बनाने का बीवी ने बनाया दबाव तो पति ने उठाया ये खौफनाक कदम
सीकर.
Husband Murdered His Wife : पत्नी की हत्या के दोषी पति को कोर्ट ने आजीवन कारावास व दस हजार रुपए के जुर्माने ( life Imprisonment to Husband in Wife Murdered Case) की सजा दी है। अपर सेशन न्यायाधीश क्रम-दो महेंद्र कुमार ढाबी ने दहेज हत्या के अपराध के आरोप से बरी करते हुए हत्या को सबूतों और गवाहों के आधार पर प्रमाणित माना। उन्होंने जुर्माना नहीं जमा होने पर दो माह का साधारण कारावास अलग से भुगतने के आदेश दिए। योग्य अपर लोक अभियोजक दिलावर सिंह ने बताया कि आरोपी मामराज पुत्र धूड़ाराम गुर्जर, निवासी राजपुरा, राणोली को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। उन्होंने बताया कि राणोली के रहने वाले युवक ने मुकदमा दर्ज कराया था कि उसकी बहन की डेढ़ साल पहले शादी की थी।
पीहर पक्ष ने आरोप लगाया पति, सास-ससुर ने मिलकर 23 मई 2015 को बेटी की हत्या कर दी। शादी के समय से ही दहेज के लिए परेशान कर रहे थे। इन्होंने सुबह बहन से जेवरात भिजवाने के लिए फोन करवाया था। रात को साढ़े आठ बजे दोबारा से उसने फोन किया ये मारपीट कर रहे है। उसका भाई कुचामन में था। भीड होने के कारण वह बात नहीं कर सका। बाद में उसने बहन को फोन किया तो बंद मिला। तब रात को तीन बजे उसके फूफा ने फोन कर बताया कि उसकी बहन की तबीयत खराब है और उसे खून की उल्टियां हो रही है। वे तुरंत उनके पास पहुंचे तो बहन मृत अवस्था में मिली। तब उन्होंने सास-ससुर व पति के खिलाफ दहेज हत्या किए जाने की रिपोर्ट दी। पुलिस ने मामले की जांच शुरु की।
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Crime in Sikar : पुलिस के पास दहेज हत्या किए जाने की रिपोर्ट मिली थी। पुलिस ने मामले की जांच की तो पता लगा कि उसका गला दबा कर हत्या की गई है। जांच के दौरान सामने आया कि रात नौ बजे मामराज काफी थका हुआ आया था। वह सोना चाहता था। पत्नी ने उसे शारीरिक संबंध बनाने के लिए कहा। थका होने के कारण उसने मना कर दिया तो पत्नी दबाव बनाने लगी। तब मामराज ने उसे गुस्से में आकर थप्पड़ मार दिया। तब दोनों के बीच में कहासुनी हो गई। पत्नी ने उसके सिर में टॉर्च उठाकर मार दी। गुस्से में आकर मामराज ने उसका गला दबा दिया। वह बेहोश होकर फर्श पर गिर गई। मामराज घबरा गया और प्लॉट में सो रहे माता-पिता के पास गया। उन्हें झूठ बोलकर कर कहा कि उसे खून की उल्टियां हो रही है और तबीयत काफी खराब है।
बेहोश होने की सूचना मिलने पर पूरा परिवार परेशान हो गया था। सास-ससुर, पति ने घर पर ही पड़ोस से फोन कर डॉक्टर बुलाया। कुछ समझ नहीं आने पर डॉक्टर ने उन्हें पलसाना स्थित अस्पताल में ले जाने की सलाह दी। परिजन उसे अस्पताल लेकर गए तो डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने जांच के दौरान कोर्ट में अहम साक्ष्य प्रस्तुत किए। पुलिस ने 34 गवाहों के बयान दर्ज कराए और 41 दस्तावेज पेश किए। मेडिकल बोर्ड से पोस्टमार्टम रिपोर्ट में गला दबा कर हत्या करना पाया गया। गले पर भी नाखून के निशान मिले थे। घटना के भी फोटोग्राफी पेश की गई थी।
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हिंदू संस्कृति में विवाह एक संस्कार होता है
अपर सेशन न्यायाधीश क्रम-दो महेंद्र कुमार ढाबी ने फैसले में लिखा कि हिंदू संस्कृति में विवाह एक संस्कार होता है और पति-पत्नी के बीच एक विश्वास के संबध होते है। आरोपी ने उस विश्वास की ही हत्या नहीं की, बल्कि उस नवयुवती के सामने संपूर्ण जीवन था, उसकी भी हत्या कर दी। ऐसे अपराधी के प्रति नरमी का रुख अपनाना किसी भी रुप में न्याय संगत नहीं है।
कोर्ट ने ये प्रमुख साक्ष्य माने
1. गले पर मिले पति के नाखून के निशान।
2. कमरे में पति-पत्नी के अलावा कोई नहीं मौजूद।
3. मृत होने के बावजूद सुबह डॉक्टर के पास दिखाने ले गए।
4. पत्नी को खून की उल्टियां होना बताया गया, जबकि वहां पर ऐसा कुछ नहीं मिला।
Published on:
30 Aug 2019 12:39 pm
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