
किसानों की कर्ज माफी के लिए बैंको ने शुरू की कवायद
सीकर. प्रदेश में भले ही सरकार का गठन नहीं हुआ है लेकिन सहकारी स्तर पर विभागीय स्तर पर तैयारियां शुरू कर दी है। सहकारी बैंकों ने अपने स्तर पर बकाया ऋणों की जानकारी जुटाना शुरू कर दिया है। सीकर जिला सहकारी बैंक जिले में 21 शाखाओं से 30 नवम्बर तक बकाया ऋण की जानकारी जुटा रहा है। ग्राम सेवा सहकारी समितियों के अनुसार जिले में करीब 550 करोड रुपए का फसली ऋण करीब 89 हजार किसानों ने ले रखा है। इधर बैंक प्रबंधन का कहना है कि यह कवायद विभागीय स्तर पर की जा रही है। जिससे कर्मचारियों को परेशानी नहीं हो। नई सरकार के गठन के बाद ही ऋण माफी संबंधी निर्णय किया जा सकता है।
नए सदस्यों को 20 प्रतिशत ऋण
राजस्थान सहकारी सोसाइटी नियमों के तहत नए वर्ष में 20 प्रतिशत नए सदस्यों को अल्पकालीन फसली ऋण देना होगा। साथ ही प्रत्येक माह की समीक्षा पहले सप्ताह में मुख्यालय भेजी जाएगी। इसके किसानों को सशर्त ही ऋण बांटा जाएगा।
दूसरी बार कवायद
कर्ज माफी की इस साल में यह दूसरी कवायद है। पिछली भाजपा सरकार की बजट घोषणा के तहत सहकारी बैंकों के किसानों के कर्ज माफ करने की घोषणा की थी। जिसके तहत जिले में 98 हजार किसानों का पचास हजार रुपए की सीमा तक का ब्याजमुक्त फसली ऋण माफ किया गया था। इसके बाद हाल में विधानसभा चुनाव में कांग्रेस की ओर से ऋण माफ करने की घोषणा को देखते हुए सहकारी विभाग ने अपने स्तर पर जानकारी जुटाना शुरू किया है।
कर्ज माफी की इस साल में यह दूसरी कवायद है। पिछली भाजपा सरकार की बजट घोषणा के तहत सहकारी बैंकों के किसानों के कर्ज माफ करने की घोषणा की थी। जिसके तहत जिले में 98 हजार किसानों का पचास हजार रुपए की सीमा तक का ब्याजमुक्त फसली ऋण माफ किया गया था। इसके बाद हाल में विधानसभा चुनाव में कांग्रेस की ओर से ऋण माफ करने की घोषणा को देखते हुए सहकारी विभाग ने अपने स्तर पर जानकारी जुटाना शुरू किया है।
Published on:
15 Dec 2018 01:54 pm
