
khatu shyam mela 2026: फोटो पत्रिका
सीकर। बदलते तकनीक के दौर में श्याम मेला भी हर साल बदल रहा है। इस साल मेले में आने वाले भक्तों को मेले की पल की जानकारी क्यूआर कोड के जरिए मिलती रहेगी। मेले में 50 हजार से अधिक स्थानों पर जिला प्रशासन व मंदिर कमेटी की ओर से श्याम सारथी एप के क्यूआर कोड लगाए गए हैं।
इनको स्कैन करते ही भक्तों को दर्शन में लगने वाले समय, पार्किंग लोकेशन, मेडिकल, सेवा शिविर, लाइव दर्शन आदि की जानकारी मिल सकेगी। इस तरह का नवाचार प्रशासन की ओर से पहली बार किया गया है। खास बात यह है कि खोया-पाया केन्द्र को भी इस साल और हाईटेक किया गया है। यहां गुम होने वाले सामान की फोटो भी इस एप पर अपलोड रहेगी जिससे अपने सामान की आसानी से जानकारी मिल सके।
बाबा श्याम के फाल्गुनी मेले की तैयारियों में प्रशासन के साथ मंदिर कमेटी जुट गई है। मेले की व्यवस्थाओं के लिए मंगलवार को संभागीय आयुक्त जयपुर पूनम, जिला कलक्टर मुकुल शर्मा, पुलिस अधीक्षक प्रवीण नायक ने बैठक ली। बैठक में मेले के इंतजामों के साथ दर्शनों की सुगमता व पार्किंग आदि को लेकर चर्चा हुई। राजस्थान पत्रिका में पार्किंग के नाम पर खुली लूट का मुद्दा प्रकाशित होने के बाद जिला प्रशासन ने सरकारी पार्किंग की क्षमता को दोगुणा तक बढ़ा दिया है।
पिछले मेले में 52 बीघा व सांवलपुरा पार्किंग में 11 हजार वाहनों की एक समय में निशुल्क पार्किंग हो सकी थी। इस साल दोनों पार्किंग में 21 हजार वाहन एक साथ पार्क हो सकेंगे। मेला अवधि के दौरान श्याम कुंड पूर्णतया बंद रहेगा, मेला अवधि में डीजे पर पूर्णतया प्रतिबंध रहेगा। मेले में इस बार सरकारी प्रोटोकॉल वाले वीआइपी लोगों को छोड़कर सभी के लिए वीआइपी दर्शन व्यवस्था पूर्णतया बंद रहेगी।
इस साल मेले में आने वाले भक्तों को जाम की समस्या से राहत दिलाने के लिए आने-जाने वाले मार्ग की व्यवस्था में बदलाव किया है। इस साल वाहनों का आवागमन सिर्फ शाहपुरा-खाटूश्यामजी मार्ग से होगा। वाहनों को सीधे ही सांवलपुरा व 52 बीघा पार्किंग में प्रवेश मिलेगा। वापसी में जाते समय मंढ़ा मोड होते हुए सीकर-बीकानेर हाइवे तक भेजा जाएगा।
Published on:
18 Feb 2026 04:48 pm
