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Rajasthan News : NEET छात्रों को हॉस्टल में बनाया बंधक- फिर पीटा, वीडियो वायरल होने पर संचालक और बाउंसरों पर FIR केस

सीकर के पिपराली रोड पर नीट की तैयारी कर रहे नाबालिग छात्रों से हॉस्टल संचालक और बाउंसरों द्वारा मारपीट। वीडियो वायरल होने पर बस्सी के पिता ने दर्ज कराई FIR।
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सीकर

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Nakul Devarshi

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Updated: 29 Jun 2026, 9:20 AM IST

Sikar Coaching Students Assault Case Hostel Bouncers FIR

AI PIC

राजस्थान के सीकर शहर से कोचिंग करने वाले विद्यार्थियों की सुरक्षा को लेकर एक चिंताजनक खबर सामने आई है। पिपराली रोड पर रहकर नीट फाउंडेशन की तैयारी कर रहे नाबालिग छात्रों के साथ हॉस्टल संचालक और कोचिंग के बाउंसरों द्वारा अमानवीय तरीके से मारपीट की गई। हैरानी की बात यह है कि आरोपियों ने न केवल बच्चों को 2 घंटे तक बेरहमी से पीटा, बल्कि इस पूरी वारदात का वीडियो बनाकर खुद सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया और दूसरे विद्यार्थियों के परिवारों को डराने के लिए भेजा। घटना के बाद से ही पीड़ित बच्चों के माता-पिता गहरे सदमे में हैं।

रातभर चली बर्बरता, 3 दिन तक रखा बंधक

जयपुर जिले के बस्सी निवासी पीड़ित छात्र के पिता संजय कुमार बैरवा द्वारा सीकर के उद्योग नगर थाने में दर्ज कराई गई FIR के अनुसार, इस पूरी खौफनाक वारदात का घटनाक्रम इस प्रकार संचालित हुआ:

मामूली कहासुनी की रंजिश: पीड़ित नाबालिग छात्र पिछले 2 साल से सीकर के जलधारी नगर स्थित हॉस्टल में रहकर पढ़ाई कर रहा था। हॉस्टल के ही किसी दूसरे छात्र से पीड़ित बच्चों का सामान्य विवाद या झगड़ा हो गया था।

2 घंटे तक लगातार मारपीट: आरोप है कि 26 जून की रात 10 बजे से लेकर रात 12 बजे तक हॉस्टल संचालक पिपराली निवासी हेतराम मूंड, बाउंसर सुभाष बाजिया, दिनेश जाट और संचालक के एक मित्र सूर्यवीर ने मिलकर तीनों नाबालिग छात्रों को एक कमरे में बंद कर दिया और लात-घूसों व लाठियों से उनकी बेरहमी से पिटाई की।

बातचीत पर लगाया प्रतिबंध: मारपीट के बाद आरोपियों ने बच्चों के मोबाइल फोन रूप से अपने कब्जे में ले लिए। जब बस्सी निवासी पिता संजय कुमार ने अपने बेटे से बात करने के लिए हेतराम मूंड को फोन किया, तो उसने लगातार टालमटोल की और 3 दिन तक पिता की अपने बच्चे से कोई बातचीत नहीं होने दी।

वीडियो कॉल कर लाइव दिखाई पिटाई

पुलिस थाने में दी गई शिकायत और सोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो फुटेज से इस पूरे मामले में एक और बेहद चौंकाने वाला और अमानवीय पहलू सामने आया है। आरोपियों ने मारपीट के दौरान दूसरे छात्र के परिजनों को बकायदा वीडियो कॉल किया। वीडियो कॉल के दूसरे छोर पर एक अभिभावक साफ दिखाई दे रहा था। हॉस्टल संचालक वीडियो कॉल पर तड़पते हुए नाबालिग बच्चों को दिखाकर पूछ रहे थे कि "क्या यही वो बच्चा था जिसने झगड़ा किया था?" पहचान होने पर हरी टीशर्ट पहने एक अन्य नाबालिग छात्र को लात और डंडों से दोबारा बेरहमी से पीटा गया।

इसके साथ ही, विधिक रिपोर्ट में यह गंभीर आरोप भी लगाया गया है कि आरोपियों ने पीड़ित बच्चों से उनकी जाति पूछी और उन्हें सार्वजनिक व जातिसूचक गालियां देते हुए प्रताड़ित किया। इस खौफनाक प्रताड़ना के बाद बच्चों को गंभीर चोटें आईं, लेकिन आरोपियों ने उन्हें कोई प्राथमिक विधिक इलाज या दवा भी उपलब्ध नहीं कराई।

4 आरोपियों के खिलाफ नामजद FIR

सोशल मीडिया पर जब बच्चों की चीख-पुकार और बाउंसरों की बर्बरता का वीडियो व्यापक रूप से प्रसारित हुआ, तो जयपुर से पीड़ित के परिजन तुरंत सीकर पहुंचे। उद्योग नगर थाना पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तुरंत केस दर्ज कर लिया है।

नामजद आरोपी: पुलिस ने हॉस्टल संचालक हेतराम मूंड, बाउंसर सुभाष बाजिया, दिनेश जाट और सूर्यवीर के खिलाफ नामजद मामला दर्ज किया है।

लगाई गईं धाराएं: आरोपियों के खिलाफ नाबालिग बच्चों को अवैध रूप से बंधक बनाने, गंभीर मारपीट करने, मोबाइल छीनने और एससी-एसटी (SC/ST Act) की धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर जांच उपाधीक्षक स्तर के अधिकारी को सौंपी गई है।