
इंजीनियरिंग कॉलेज में प्रवेश लेने वाले छात्रों के लिए ये है काम की खबर, जाने क्या
सीकर. प्रदेश सरकारी और निजी इंजीनियरिंग कॉलेज में पिछले साल की तरह जेईई मेन के अंकों के अनुरूप ही दाखिले होंगे। संभवत: मई के दूसरे पखवाड़े में इंजीनियरिंग कॉलेज में दाखिलों की प्रक्रिया शुरू होगी। सरकार ने साल 2016 से राजस्थान इंजीनियरिंग एडमिशन प्रोसेस (रीप) के जरिए प्रथम वर्ष में प्रवेश देने की शुरुआत की। इसमें जेईई मेन के प्राप्तांकों को प्रवेश की पात्रता माना गया है। पिछले साल से जेईई मेन की रैंकिंग में बारहवीं के अंक नहीं जोडऩे का फैसला किया गया था। सरकार ने सेंटर फॉर इलेक्ट्रॉनिक गवर्नेंस और राजस्थान तकनीकी विश्वविद्यालय के विशेषज्ञों की समिति बनाई। समिति ने जेईई मेन के अंकों के आधार पर प्रवेश देने की सिफारिश की थी। यही प्रक्रिया इस साल भी जारी रहेगी। तीन साल पहले तक सरकारी और निजी इंजीनियरिंग कॉलेज में प्रवेश के लिए राजस्थान प्री-इंजीनियरिंग टेस्ट होता था।
फिर भी खाली रहती हैं सीट
जेईई मेन के प्राप्तांकों के आधार पर प्रवेश देेने के बावजूद कई इंजीनियरिंग कॉलेज में सीट नहीं भर पाती हैं। साल 2016 में तो हालात सबसे खराब थे। अजमेर व सीकर सहित कई इंजीनियरिंग कॉलेज में अगस्त तक विद्यार्थियों के गिनने लायक दाखिले भी नहीं हुए थे। बाद में तकनीकी शिक्षा विभाग को सीधी भर्ती के आदेश देने पड़े थे।
Updated on:
07 Apr 2019 05:14 pm
Published on:
07 Apr 2019 05:14 pm
