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अहंकार के प्रतीक रावण का दहन आज: रावण की नाभि में अग्निबाण लगते ही घूमेगी हाथ की चकरी, मुंह और आंखों से बरसेंगे अंगारे

60 फीट का रावण और 45 फीट के कुंभकरण और मेघनाद के पुतले तैयार
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sirohi

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सिरोही. शहर समेत जिलेभर में शुक्रवार को विजया दशमी का पर्व दशहरा उल्लास के साथ मनाया जाएगा। शहर में इस दौरान दशहरा मैदान में शाम करीब छह बजे 60 फीट ऊंचे रावण के पुतले का दहन किया जाएगा। इसके साथ 45 फीट के कुंभकरण और मेघनाद के पुतलों का भी दहन किया जाएगा। दशहरा मैदान पर सारी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं।
नगरपरिषद केरामलाल के अनुसार 60 और 45 फीट लम्बे इन पुतलों का निमार्ण जोधपुर के कारीगर मैराज अंसारी और उनके साथियों ने किया है। इनकी खासियत यह है कि इस बार रावण का पुतला न सिर्फ जोर दहाड़ेगा बल्कि आंखों से अंगारे भी बरसाएगा। चक्र भी फेरी लगाता रहेगा। दशहरा मैदान में व्यवस्था को लेकर गुरुवार शाम सभापति ताराराम माली और आयुक्त संतलाल मक्कड़ ने जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने बैठने की व्यवस्था, बेरिकेटिंग और साफ-सफाई देखी और पुतलों की जानकारी ली। इस दौरान हरीश दवे और परिषद के एसआई प्रवीण कुमार साथ मौजूद रहे।
गोयली. आदर्श राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय के खेल मैदान में बुधवार को रावण, मेघनाद और कुंभकर्ण के पुतले बनाने का काम हुआ। ग्राम विकास कमेटी के अध्यक्ष व समाजसेवी हनुवंतसिंह सोलंकी की ओर से 35 फीट के रावण और 25-25 फीट के मेघनाद व कुंभकर्ण के पुतले तैयार हुए हैं। इस मौके पर बच्चों के लिए प्रतियोगिताएं होंगी।

आबूरोड में रात तक तैयार नहीं हो पाया पुतला
आबूरोड. एक तरफ जहां जिले के अन्य नगर निकायों में रावण दहन को लेकर तैयारियां पूरी कर ली गई हंै, वहीं आबूरोड नगरपालिका की उदासीनता के चलते पूर्व संध्या तक निर्धारित स्थान रेलवे ग्राउंड पर पुतला तैयार नहीं हो सका।
12 अक्टूबर को जारी वर्क ऑर्डर के अनुसार फर्म को सफाई निरीक्षक के निर्देश पर गुरुवार शाम पांच बजे तक रावण का पुतला निविदा शर्तों के अनुसार तैयार कर रेलवे ग्राउंड पर खड़ा करना था।
वहीं बनाने के कार्य को तीन दिन पहले ग्राउंड में प्रारम्भ करना था, जबकि बुधवार तक रेलवे ग्राउंड पर पुतला निर्माण का नामोनिशान नजर नहीं आ रहा था। वहीं गुरुवार को भी अन्यत्र रावण निर्माण कार्य जारी था, वहीं रेलवे ग्राउंड पर पुतला पांच बजे के बाद भी खड़ा नहीं किया गया था।