
कोरोना वायरस ने देश में कहर बरपाया हुआ है। खेल जगत भी इससे अछूता नहीं है। बता दें कि देश में रोजाना लाखों की संख्या में लोग इस वायरस की चपेट में आ रहे हैं। खेल जगत की कई हस्तियां भी इससे संक्रमित हो चुकी हैं। इस बीच भारतीय खेल प्राधिकरण (साई) ने कोरोना वायरस महामारी के इस मुश्किल समय में अपने 13000 से अधिक एथलीटों, कोचों और सपोर्ट स्टाफ को बीमा सुरक्षा देने का फैसला किया है। साई ने एक बयान जारी करते हुए कहा है कि नेशनल कैंप में भाग लेने वाले सभी लोगों को 5-5 लाख रुपये का बीमा कवर प्रदान किया जाएगा। साई सेंटर ऑफ एक्सीलेंस में खेलो इंडिया और जूनियर एथलीट भी योजना के तहत आएंगे। लेकिन दुर्घटना या मृत्यु के मामले में, बीमा कवर 25 लाख रुपये का होगा।
खिलाड़ी हमारी राष्ट्रीय संपत्ति
साई ने राष्ट्रीय खेल महासंघों (एनएसएफ) से बीमा योजना में शामिल करने के लिए एथलीटों और सपोर्ट स्टाफ की पहचान करने का अनुरोध किया है। इस बीच, खेल मंत्री किरण रिजिजू ने कहा कि राष्ट्रीय स्तर के सभी एथलीटों को न केवल शिविरों के दौरान बल्कि योजना के तहत पूरे साल बीमा कवर मिलेगा। उन्होंने कहा, हम यह सुनिश्चित करना चाहते है कि हमारे सभी खिलाड़ी और अनुबंधित स्टाफ को इस कठिन समय में स्वास्थ्य कवर मिले। वे हमारी राष्ट्रीय संपत्ति हैं। राष्ट्रीय शिविर में शामिल सभी खिलाड़ी, संभावित खिलाड़ी, खेलो इंडिया खिलाड़ी और देश भर में साई के उत्कृष्टता केंद्रों पर शिविर में शामिल जूनियर खिलाड़ियों को 5-5 लाख रुपये का बीमा कवर मिलेगा।
पहले राष्ट्रीय शिविरों तक ही सीमित थी कवरेज
बता दें कि इससे पहले कवरेज राष्ट्रीय शिविरों तक ही सीमित थी, लेकिन अब इसे साल भर तक कर दिया गया है। वहीं रिपोर्ट के अनुसार, इससे पहले सभी अनुबंधित कोच और स्टाफ इसके दायरे में नहीं आते थे। अब वे भी इस कवरेज में शामिल हैं। कोरोना संकट के चलते खिलाड़ियों और कोचों की सुरक्षा को ध्यान में रखकर अब बीमा योजना का दायरा बढाया गया है। पहले राष्ट्रीय शिविर या अंतरराष्ट्रीय और राष्ट्रीय टूर्नामेंटों के दौरान ही यह कवरेज मिलती थी। इस चिकित्सा बीमा में 25 लाख रुपये की दुर्घटना या मृत्यु कवरेज भी शामिल है। साई ने राष्ट्रीय खेल महासंघों से खिलाड़ियों और सहयोगी स्टाफ के नाम बीमा योजना के लिए तय करने को कहा है।
Published on:
21 May 2021 07:21 am
