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Sri Ganganagar: इंटरनेशनल बॉर्डर पर बढ़ रहे ड्रग ड्रोन अटैक, हथियार भी गिराए, ऑपरेशन सिंदूर के बाद बढ़े मामले

Drone Drug Smuggling: श्रीगंगानगर: सीमा पार पाकिस्तान से ड्रोन के जरिए ड्रग अटैक की घटनाओं को लेकर राजस्थान फ्रंटियर में अति संवेदनशील हो चुके श्रीगंगानगर व बीकानेर सेक्टर में ऑपरेशन सिंदूर के बाद भी पाकिस्तान की तरफ से ड्रोन के जरिए हेरोइन की खेप भारतीय सीमा में गिराया जाना जारी है।

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श्री गंगानगर

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Anand Prakash Yadav

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मंगेश कौशिक

Apr 06, 2026

ड्रोन से ड्रग अटैक के संवेदनशील चिन्हित इलाके, पत्रिका फोटो

ड्रोन से ड्रग अटैक के संवेदनशील चिन्हित इलाके, पत्रिका फोटो

Drone Drug Smuggling: श्रीगंगानगर: सीमा पार पाकिस्तान से ड्रोन के जरिए ड्रग अटैक की घटनाओं को लेकर राजस्थान फ्रंटियर में अति संवेदनशील हो चुके श्रीगंगानगर व बीकानेर सेक्टर में ऑपरेशन सिंदूर के बाद भी पाकिस्तान की तरफ से ड्रोन के जरिए हेरोइन की खेप भारतीय सीमा में गिराया जाना जारी है। ड्रोन से ड्रग अटैक के साथ पाकिस्तानी तस्कर हथियारों की खेप भी भारतीय सीमा में गिराने लगे हैं।

दोनों जिलों में पाकिस्तान से लगी करीब 200 किमी से अधिक सीमा में ही ये गतिविधियां अधिक हो रही है। इस साल में अब तक ड्रोन से ड्रग अटैक के 6 मामले सुरक्षा एजेंसियों की पकड़ में आए हैं। एक मामला हथियारों से संबंधित है। जानकारी के मुताबिक करीब डेढ़ साल में 175 करोड़ रुपए से अधिक की 35.3 किलो हेरोइन पकड़ी है। ड्रोन अटैक से निपटने की तकनीक बीएसएफ के पास है, लेकिन उसे देखकर लगता है कि पाक से आ रहे ड्रोन को रोकने में तकनीक कारगर साबित नहीं हो रही।

150 गांव संवेदनशील

श्रीगंगानगर सेक्टर में हिन्दूमलकोट से लेकर बीकानेर सेक्टर के खाजूवाला तक करीब 150 गांव ऐसे हैं, जो भारत-पाक अंतरराष्ट्रीय सीमा के काफी करीब है। श्रीकरणपुर, गजसिंहपुर, रायसिंहनगर, अनूपगढ़, घड़साना, रावला और बीकानेर जिले के खाजूवाला क्षेत्र में ड्रोन ड्रॉप की घटनाएं लगातार हो रही है। पिछले रायसिंहनगर क्षेत्र में 6.400 किलो हेरोइन के साथ पंजाब के तस्कर को पकड़ा था। उससे पूछताछ में खुलासा हुआ कि 2 किलो हेरोइन पंजाब पहुंचाने के बाद वह बची हुई खेप लेने आया था।

तय लोकेशन पर पहले पहुंच जाते हैं

ड्रोन से हेरोइन की खेप गिराए जाने से पहले पंजाब के ड्रग माफिया और पाकिस्तानी तस्करों के बीच जीपीएस लोकेशन तय होती है। स्थानीय ड्रग पेडलर डिलीवरी से पहले तय लोकेशन पर पहुंच जाते हैं। डिलीवरी मध्य रात्रि या उसके बाद ही होती है। रात को सुरक्षा एजेंसियों की गश्त के चलते पकड़े जाने का खतरा होता है।

ऐसे में पेडलर रात को ही हेरोइन उठाकर छिपा देते हैं। अगले दिन खेतों पर काम करने के बहाने उठा लाते हैं। चूंकि ड्रोन आने की खबर से सुरक्षा बल चौकन्ने हो जाते हैं, इसलिए पेडलर कुछ दिन हेरोइन छिपाकर रखते हैं और मौका देखकर पंजाब पहुंचा देते हैं।

फिर आई 60 करोड़ की हेरोइन, 4 तस्कर दबोचे

पाक से रविवार को फिर हेरोइन की खेप आने से खलबली मच गई। पुलिस ने श्रीकरणपुर के पास 17 ओ गांव से करीब 12 किलो हेरोइन बरामद कर चार युवकों को दबोच लिया है लेकिन दो युवक फरार हो गए।

इस हेरोइन की कीमत करीब 60 करोड़ बताई जा रही है। एसपी हरीशंकर ने बताया कि शनिवार रात पाक से ड्रोन पर हेरोइन की खेप मंगवाकर श्रीकरणपुर से सटे गांव 17 ओ के नजदीक खेत में छुपा दिया था। इस खेप को पंजाब और लोकल तस्करों का गिरोह आया और उसे पंजाब ले जा रहा था। पुलिस ने भनक मिलते ही 4 युवकों को पकड़ लिया।

इस वर्ष 4 बड़ी कार्रवाई

10 जनवरी 2026

  • श्रीगंगानगर सेक्टर (अनूपगढ़): 4 किलो हेरोइन के साथ 3 तस्कर गिरफ्तार, कीमत 4 करोड़ रुपए।

11 फरवरी 2026

  • बीकानेर सेक्टर (खाजूवाला, 1 बीएम): 2.25 किलो हेरोइन जब्त, कीमत करीब 2.5 करोड़।

9 मार्च 2026

  • श्रीगंगानगर सेक्टर (रायसिंहनगर, 43 पीएस): 6.4 किलो हेरोइन बरामद, कीमत 30 करोड़ से अधिकः 1 तस्कर पकड़ा।

26 मार्च 2026

  • बीकानेर सेक्टर (रावला, 2 केएनडी): 10.8 किलो हेरोइन के साथ 5 तस्कर गिरफ्तार।

एंटी ड्रोन सिस्टम की रेंज बढ़े

एनसीबी जोधपुर के क्षेत्रीय निदेशक घनश्याम सोनी ने कहा कि ड्रग माफिया ने श्रीगंगानगर व बीकानेर सेक्टर में इग पेडलर का नेटवर्क तैयार कर बीएसएफ के रात्रि नाकों से दूर डिलीवरी पॉइंट तय कर लिए। बीएसएफ को दिए गए एंटी ड्रोन सिस्टम की रेंज कम होने से ऊंचाई पर उड़ने वाले पाक तस्करों के ड्रोन का पता नहीं चलता। एंटी ड्रोन सिस्टम की रेंज 1200 मीटर तक होनी चाहिए और मोबाइल यूनिट भी उपलब्ध करवाएं।