
लॉरेंस गैंग के गिरफ्तार गुर्गे (फोटो-पत्रिका नेटवर्क)
श्रीगंगानगर। पुलिस ने गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़े चार बदमाशों को बुधवार देर रात गिरफ्तार किया। इनके कब्जे से दो विदेशी पिस्टल और 27 कारतूस बरामद किए गए। पकड़ने के दौरान एक आरोपी ने पुलिस पर फायरिंग कर भागने का प्रयास किया, जवाबी कार्रवाई में उसके पैर में गोली लग गई। यह घटना गांव पठानवाला 17 एमएल बाईपास रोड स्थित 12 मासी नहर के लोहे के पुल के पास रात करीब 2:45 बजे हुई।
जिला पुलिस अधीक्षक हरी शंकर ने बताया कि बुधवार देर रात को जवाहरनगर सीआई देवेन्द्र सिंह की अगुवाई में पुलिस दल रात्रिकालीन गश्त पर था। पुलिस दल करीब दो बजे एसएसबी रोड पर बारहमासी नहर के पास पहुंचा तो तीन युवक संदिग्ध दिखाई पड़े।
तीनों को घेरकर पूछताछ की तो इनकी पहचान सादुलशहर वार्ड 9 निवासी 22 वर्षीय वरुण बाघला, फाजिल्का क्षेत्र गांव खैरपुर निवासी 22 वर्षीय राहुल और गांव रोहिड़वाली निवासी 29 वर्षीय देवदत्त बिश्नोई के रूप में हुई। तलाशी में आरोपियों के पास सर्बियाई देश की निर्मित पिस्टल जस्तावा एम57 मय 6 राउंड लोडेड मैगजीन और 14 कारतूस बरामद हुए।
पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि उनका साथी गांव रोहिड़ावाली निवासी संजीव बिश्नोई बैकअप देने के लिए रीको एरिया में खड़ा है। इस पर पुलिस ने इलाके में नाकेबंदी कराई। साथियों के पकड़े जाने से बेखबर संजीव बिश्नोई पिस्टल और कारतूस लेकर आपराधिक वारदात को अंजाम देने के लिए बाइक पर गांव पठानवाला की ओर से आया तो वहां पहले से सदर सीआई सुभाषचन्द्र की टीम तैयार खड़ी थी। आरोपी को रुकने को कहा तो वह पुलिस दल पर फायर कर भागने लगा। इस दौरान जवाबी कार्रवाई करते हुए पुलिस ने उसकी टांग पर फायर कर उसे दबोच लिया।
आरोपी संजीव के कब्जे से चाइना मेड 7.62 मिमी पिस्टल, 5 कारतूस और दो खोखे बरामद किए गए। घायल आरोपी को उपचार के लिए राजकीय अस्पताल भेजा गया। पुलिस ने इस मामले विभिन्न धाराओं में मुकदमे दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
आरोपी संजीव अबोहर के गांव शेरेवाला निवासी शंटी बिश्नोई का शूटर है। शंटी बिश्नोई लॉरेस गैंग के लिए फीडिंग करता है। गैंग संजीव से टांटिया हॉस्पिटल, जनसेवा अस्पताल, न्यू लाइट ज्वैलर्स के संचालक के आवास पर फायरिंग करवा चुकी है। यह दस दिन पहले अनूपगढ जेल में था। अदालत से जमानत मिलते ही बड़ी सुपारी लेकर साथियों के साथ एक्टिव हुआ था।
जवाहरनगर थाने में गिरफ्तार संजीव के तीनों साथियों ने प्रारंभिक पूछताछ में स्वीकार किया कि उन्हें हथियार शंटी बिश्नोई ने उपलब्ध करवाए थे। वे अलग-अलग रूट पर रीको एरिया तक पहुंचे थे। जिला मुख्यालय पर गुरुवार तड़के करीब चार से पांच बजे फायरिंग की वारदात करने का टारगेट तय किया था, लेकिन उससे पहले पुलिस गश्त के हत्थे चढ़ गए। प्रारंभिक पूछताछ में कई चौंकाने वाले पहलू सामने आए हैं, लेकिन पुलिस ने इसका खुलासा नहीं किया है।
अपराधी के मुठभेड़ में गंभीर घायल होने की सूचना जैसे ही पुलिस अधिकारियों को मिली तो वे जिला अस्पताल पहुंचे। एएसपी रघुवीर प्रसाद शर्मा, सीओ विष्णु खत्री के अलावा सदर सीआई और उनकी टीम ने इस घायल को उपचार करने के लिए भर्ती कराया। टांग में गोली होने पर उसका तत्काल ऑपरेशन किया गया। पुलिस प्रशासन ने जिला अस्पताल में पुलिस जाब्ता तैनात कर दिया।
Updated on:
16 Apr 2026 10:02 pm
Published on:
16 Apr 2026 09:54 pm
बड़ी खबरें
View Allश्री गंगानगर
राजस्थान न्यूज़
ट्रेंडिंग
