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Collector class: कलेक्टर पहुंचे स्कूल, छात्रों को पढ़ाया गणित, बोले- फॉर्मूले को रटे नहीं बल्कि समझें

Collector class: आत्मानंद स्कूल का कलेक्टर ने किया निरीक्षण, छात्रों को पढ़ाने के साथ ही आगे बेहतर विषय चयन के लिए किया मोटिवेट, ‘एक पेड़ मां के नाम’ कार्यक्रम में शामिल होने स्कूल पहुंचे थे कलेक्टर
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सुरजपुर

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Ram Prawesh Vishwakarma

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Updated: 21 Jul 2024, 8:02 AM IST

Collector class

बिश्रामपुर. Collector class: सूरजपुर कलेक्टर रोहित व्यास शुक्रवार को बिश्रामपुर स्थित स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट अंग्रेजी माध्यम स्कूल में ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान अंतर्गत शिक्षा विभाग द्वारा आयोजित पौधरोपण कार्यक्रम में शामिल हुए। साथ ही आत्मानंद स्कूल का निरीक्षण भी किया। इस दौरान उन्होंने छात्रों को गणित पढ़ाया (Collector class) और कहा कि फॉर्मूले को रटने की जगह समझें। इस अवसर पर जिला शिक्षा अधिकारी राम ललित पटेल, शिक्षा विभाग के अन्य अधिकारी एवं विद्यालय के प्राचार्य सहित समस्त स्टाफ उपस्थित थे।


कार्यक्रम में कलेक्टर (Surajpur collector) ने पौधारोपण किया और कहा कि इन पौधों का नाम विद्यालय के मेरिट में आने वाले बच्चों के नाम पर किया जाए। साथ ही उन्होंने पौधरोपण का महत्व समझाते हुए उनके देखभाल की जिम्मेदारी भी बच्चों को सौंपने कहा। इससे न केवल पौधों की देखभाल अच्छी होगी बल्कि बच्चे भी प्रोत्साहित होंगे।

पौधरोपण के पश्चात् उन्होंने विद्यालय का निरीक्षण भी किया और शिक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। इस अवसर पर कलेक्टर व्यास ने कक्षा 10 वीं के बच्चों से मुलाकात कर उनसे बात की।

कलेक्टर ने बच्चों से कहा कि स्कूली शिक्षा भविष्य का फाउंडेशन होता है। इसमें कक्षा 10 वीं बेहद महत्वपूर्ण होता है। इसके बाद आप विषयों का चुनाव करते हैं जिस पर आपके आगे की शिक्षा और कॅरियर निर्भर करता है।

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फॉर्मूले को याद न करें बल्कि समझें

कलेक्टर ने कक्षा में गणित विषय भी पढ़ाया। उन्होंने लिनियर इक्वेशन पढ़ाते हुए कहा कि गणित के प्रश्नों, फार्मूले को याद न करें बल्कि उसे समझें। साथ ही उन्होंने कहा कि पढ़ाई में तनाव ज्यादा न लें, पढ़ाई में नंबर से ज्यादा ज्ञान का महत्व होता है। इसलिए पढ़ते वक्त उसे याद नही करें बल्कि उसके कांसेप्ट को समझें।

उन्होंने विद्यार्थियों से कहा कि आगे का 2-3 वर्ष बेहद महत्वपूर्ण है, इसलिए सभी स्वस्थ प्रतिस्पर्धा एवं सहयोग के वातावरण में अनुशासित होकर पढ़ाई करें।