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COVID-19 : समूह नहीं, घर पर अकेले ही करेंगे इष्ट की आराधना

- प्रधानमंत्री की अपील के बाद अधिकतर मंडलों ने निरस्त किए विभिन्न धार्मिक कार्यक्रम - नोवल कोरोना (कोविड-19) के खिलाफ लड़ाई में सूरत के धार्मिक संगठन भी शामिल Not a group, alone at home will worship our IshtaAfter the Prime Minister's appeal, most of the mandals canceled various religious programs.- Surat's religious organizations are also involved in the fight against the Novel Corona (Kovid-19)
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COVID-19 : समूह नहीं, घर पर अकेले ही करेंगे इष्ट की आराधना

COVID-19 : समूह नहीं, घर पर अकेले ही करेंगे इष्ट की आराधना


सूरत. विश्व व्यापी महामारी कोरोना के खिलाफ लड़ाई में शुक्रवार से सूरतधाम भी जुड़ गया है। प्रधानमंत्री मोदी की सोशल डिस्टेंस की अपील के बाद धार्मिक आयोजनों की नगरी सूरत में सभी सामूहिक कार्यक्रम निरस्त कर दिए गए हंै। अधिकतर लोगों ने घर पर अकेले में ही इष्ट की आराधना कर भारत ही नहीं पूरे विश्व को इस खतरे से उबारने की प्राथना करने का निश्चय किया है।
जानकारी के अनुसार सूरत में साल भर में सैकड़ों सामूहिक धार्मिक आयोजन होते हैं। इनमें साप्ताहिक व मासिक पाठ, भजन-कीर्तन से लेकर भागवत कथा व बड़े यज्ञ हवन भी होते हैं, जो विभिन्न सामाजिक व धार्मिक संगठनों की ओर से आयोजित किए जाते हैं। ऐेसे ही एक संगठन श्री श्री बालाजी सुंदरकांड मंडल के सीताराम सैनी ने बताया कि वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए मंडल के सदस्यों ने शनिवार को होने वाला सुंदरकांड पाठ कार्यक्रम निरस्त किया है। लोग अपने-अपने घरों में अकेले ही दीपक जला कर पाठ करेंगे। जय श्रीनाथ जी सुंदरकांड मंडल के नीरज अग्रवाल ने बताया कि सभी सदस्यों ने घर पर ही अलग-अलग पाठ कर भगवान से कोरोना के कहर से संपूर्ण विश्व को बचाने की प्रार्थना करने का मन बनाया है। विश्व हिन्दू परिषद के विक्रमसिंह भाटी ने बताया कि राम महोत्सव शोभायात्रा व इसकी तैयारी के लिए आयोजित बैठक रद्द कर दी गई है। श्री रामायण प्रचार समिति ने चैत्र नवरात्र के उपलक्ष में 25 मार्च से 2 अप्रेल तक आयोजित श्री रामचरितमानस नवाह्न पारायण पाठ को स्थगित कर दिया है। इनके अलावा दर्जनों अन्य धार्मिक संगठनों ने छोटे-बड़े आयोजन स्थगित कर दिए हैं। घर पर ही इष्ट की आराधना कर मंगल कामना करने का निर्णय किया है।