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युवती को जिंदा जलाने के मामले में एक को उम्रकैद

शादी से इनकार करने पर एक युवती को जिंदा जला देने के मामले में बुधवार को अदालत ने युवक को दोषी ठहराते हुए आजीवन...
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One in life for burning a young woman alive

One in life for burning a young woman alive

सूरत। शादी से इनकार करने पर एक युवती को जिंदा जला देने के मामले में बुधवार को अदालत ने युवक को दोषी ठहराते हुए आजीवन कारवास की सजा सुना दी, वहीं उसके बहनोई को बरी कर दिया।
प्रकरण के अनुसार आंजणा मिलननगर झोपड़पट्टी निवासी नूरुद्दीन सैयद ने मिलननगर में ही रहने वाले इस्ताक शा फकीर (2४) और मकदूमनगर निवासी उसके बहनोई असलम शा फकीर (२९) पर उसकी पुत्री तेरुनिशा की जिंदा जला कर हत्या का आरोप लगाते ५ फरवरी, २०१४ को सलाबतपुरा थाने में प्राथमिकी दर्ज करवाई थी।


इसमें आरोप लगाया गया था कि इस्ताक तेरुनिशा के एकतरफा प्रेम में था और उससे जबरन शादी करना चाहता था। उसने अपने मामा के जरिए शादी का प्रस्ताव भेजा था, लेकिन तेरुनिशा ने उसे ठुकरा दिया था। इसके बावजूद वह लगातार शादी के लिए दबाव डाल रहा था और आते-जाते उससे छेड़छाड़ कर धमकी देता था। इस बारे में उसके रिश्तेदारों से शिकायत की गई थी और ४ फरवरी, २०१४ को बैठक कर समझाया गया था कि तेरुनिशा की सगाई के लिए कहीं और बात चल रही है, वह उससे दूर रहे। बदला लेने के इरादे से अपने बहनोई की मदद से रात साढ़े दस बजे इस्ताक घर में घुसा और एक केन से मिट्टी का तेल तेरुनिशा के शरीर पर उड़ेल कर आग लगा दी थी।


इस मामले में सलाबतपुरा पुलिस ने इस्ताक और असलम शा को गिरफ्तार कर उनके खिलाफ चार्जशीट दायर की थी। जिला सत्र न्यायाधीश एम.जे. ठक्कर ने बुधवार को फैसला सुनाया। इस्ताक को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास और २,५०० रुपए के जुर्माने की सजा सुनाई गई। उसके बहनोई असलम शा को निर्दोष करार देकर बरी कर दिया गया।

किन्नर बनाने के लिए युवक से की मारपीट

लिम्बायत क्षेत्र में रहने वाला एक युवक बुधवार को न्यू सिविल अस्पता में इलाज के लिए आया और चिकित्सकों को बताया कि जबरन किन्नर बनाने के लिए उसके साथ मारपीट की गई। चिकित्सकों ने एमएलसी केस दर्ज कर उपचार किया और मामले की जानकारी लिम्बायत पुलिस को दी।

न्यू सिविल अस्पताल से मिली जानकारी के अनुसार ट्रोमा सेंटर में बुधवार को एक युवक इलाज के लिए आया। वह मूल रूप से नागपुर का निवासी है। वह कुछ दिनों से लिम्बायत क्षेत्र में किन्नर सिमरन कुंवर के साथ रह रहा था। उसे छह अगस्त को नूरी नाम का युवक वड़ोदरा ले गया। वड़ोदरा स्टेशन विस्तार में उससे जबरदस्ती डांस करवा कर किन्नर बनने के लिए कहा गया। मंगलवार को वह नहाने का बहाना बनाकर सूरत भाग आया।